Budh Ke Upay: ज्योतिष शास्त्र में बुध ग्रह को बुद्धि, एकाग्रता, सौंदर्य और त्वचा का कारक माना जाता है। कुंडली में यदि बुद्ध की स्थिति अच्छी हो तो इंसान को बेहतर परिणाम मिलते हैं। लेकिन कुंडली में बुध के बिगड़ते ही लोगों को अनगिनत समस्याओं का सामना करना पड़ता है। ये समस्याएं इतनी जटिल होती हैं कि आपका पूरा जीवन तहस-नहस कर सकती हैं। इंसान दुर्घटनाओं का शिकार हो सकता है। करियर-व्यापार के मामले में खराब परिणाम मिल सकते हैं। आइए जानते हैं कि बुध के कमजोर पड़ने पर जीवन में कैसी दिक्कतें आती हैं और इनसे निपटने के उपाय क्या हैं।
कुंडली में बुध कमजोर पड़ने पर आती है ये दिक्कतें
1. कुंडली में बुध के दुर्बल होने पर इंसान कर्जदार हो सकता है। घर में रुपये-पैसे की तंगी बढ़ सकती है।
2. समाज में मान-सम्मान, प्रतिष्ठा यश को ठेस पहुंच सकती है।
3. स्किन से जुड़ी परेशानियां इंसान को घेर सकती हैं।
4. नौकरी-व्यापार पर बुरा असर पड़ता है। नया कार्य शुरू करने में बहुत दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
5. कुंडली में बुध के कमजोर पर पड़ने पर इंसान भ्रम या अफवाह से पीड़ित रहता है।
6. वाणी की प्रभावशीलता खत्म होने लगती है। ऐसे लोगों की बातों पर लोग ध्यान देना बंद कर देते हैं।
7. अगर बहन, बुआ या मौसे के साथ रिश्ते खराब हो रहे हैं तो समझ लीजिए आपकी कुंडली में बुध कमजोरा है।
कमजोर बुध का क्या है उपाय
कुंडली में बुध को मजबूत बनाने के लिए कुछ विशेष उपाय करने पड़ते हैं। बुधवार के दिन व्रत या उपवास करना प्रारंभ करें। गंगाजल के साथ तुलसी का पत्ता ग्रहण करें। घर, साबुत मूंग, ताम्बे के बर्तन, हरे या नीले रंग के कपड़े दान करें। अंगुली में पन्ना रत्न पहनने से भी कमजोर बुध से निजात पा सकते हैं। साथ ही, बुध के बीज मंत्र ''ॐ ब्रां ब्रीं ब्रौं सः बुधाय नमः'' या ''ॐ बुं बुधाय नमः अथवा ॐ ऐं श्रीं श्रीं बुधाय नमः'' का जाप करें।
(डिस्क्लेमर : यह पाठ्य सामग्री आम धारणाओं और इंटरनेट पर मौजूद सामग्री के आधार पर लिखी गई है। टाइम्स नाउ नवभारत इसकी पुष्टि नहीं करता है।)

