गर्मियों में फ्रिज का तापमान सही रखना बहुत महत्वपूर्ण होता है। आम तौर पर इस मौसम में कूलिंग को मीडियम से थोड़ा ज्यादा स्तर पर सेट करना बेहतर माना जाता है। इससे फ्रिज के अंदर का तापमान संतुलित बना रहता है और खाने-पीने की चीजें लंबे समय तक सुरक्षित रहती हैं। हालांकि बहुत अधिक ठंडा तापमान सेट करने से बिजली की खपत बढ़ सकती है, इसलिए संतुलित सेटिंग रखना जरूरी है।
फ्रिज को बार-बार खोलने की आदत भी कूलिंग पर असर डालती है। जब भी दरवाजा खुलता है, तो अंदर की ठंडी हवा बाहर निकल जाती है। इसके बाद मशीन को दोबारा वही ठंडक बनाने के लिए अधिक मेहनत करनी पड़ती है। इसलिए कोशिश करें कि फ्रिज तभी खोलें जब वास्तव में जरूरत हो और काम खत्म होते ही तुरंत बंद कर दें।
कई लोग गर्म खाना या गरम बर्तन सीधे फ्रिज में रख देते हैं, जो सही तरीका नहीं है। ऐसा करने से फ्रिज के अंदर का तापमान अचानक बढ़ जाता है और कंप्रेसर पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। बेहतर है कि खाने को पहले सामान्य तापमान पर ठंडा होने दें, उसके बाद ही फ्रिज में रखें।
फ्रिज में बहुत ज्यादा सामान ठूंसकर रखना भी कूलिंग को प्रभावित करता है। जब अंदर हवा के घूमने की जगह कम हो जाती है, तो ठंडी हवा सभी हिस्सों तक सही तरीके से नहीं पहुंच पाती। इसलिए सामान को व्यवस्थित ढंग से रखें ताकि अंदर हवा का प्रवाह बना रहे और हर जगह समान रूप से कूलिंग हो सके।
फ्रिज को दीवार से बिल्कुल सटाकर रखने से भी इसकी परफॉरमेंस प्रभावित हो सकती है। मशीन के पीछे और किनारों पर थोड़ी खाली जगह होना जरूरी है, ताकि गर्म हवा आसानी से बाहर निकल सके। इससे कूलिंग सिस्टम बेहतर तरीके से काम करता है और फ्रिज पर अतिरिक्त दबाव नहीं पड़ता।
फ्रिज की समय-समय पर सफाई करना भी बहुत जरूरी है। खासकर रबर सील, ट्रे और वेंट साफ रहने से कूलिंग बेहतर बनी रहती है। यदि इन हिस्सों में गंदगी जमा हो जाए तो मशीन की कार्यक्षमता कम हो सकती है।
छोटी-छोटी सावधानियों का ध्यान रखकर गर्मियों के मौसम में फ्रिज को ज्यादा प्रभावी और लंबे समय तक बेहतर तरीके से इस्तेमाल किया जा सकता है।