अश्विनी कुमार ने कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ आईपीएल मैच में इतिहास रचा और दुनिया देखती रह गई इस नए भारतीय पेसर को। अब लोग सवाल करने लगे हैं कि क्या उनको भारतीय क्रिकेट टीम में जल्द ही जगह मिलेगी, वैसे जवाब हां होना चाहिए, क्योंकि वो भारतीय टीम की एक बड़ी कमजोरी पूरी कर सकते हैं।
कोलकाता नाइट राइडर्स और मुंबई इंडियंस के बीच खेले गए आईपीएल 2025 के मैच में मुंबई इंडियंस ने दुनिया के सामने नया हीरा पेश किया। एक ऐसा हीरा जो ना सिर्फ मैच का हीरो बना बल्कि कई चीजों के लिए सुर्खियों में आ गया।
तेज गेंदबाज अश्विनी कुमार ने अपने पहले ही आईपीएल मैच में सबको चौंका दिया और कोलकाता नाइट राइडर्स के चार धुरंधर बल्लेबाजों को आउट करके आईपीएल डेब्यू में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले पेसर बन गए। अश्विनी ने 4/24 के आंकड़े दर्ज कराए और मैन ऑफ द मैच चुने गए।
अश्विनी कुमार का जन्म मोहाली (चंडीगढ़) के करीब छोटे सी जगह झंझेरी में 29 अगस्त 2001 को हुआ। इस 23 साल के गेंदबाज ने सिर्फ 4 लिस्ट-ए और 2 प्रथम श्रेणी मैच खेले हैं, जबकि कोलकाता के खिलाफ अपने पहले आईपीएल मैच से पहले उन्होंने सिर्फ 4 टी20 मैच खेले थे। आईपीएल के बड़े मंच पर आते ही अश्विनी छा गए।
मुंबई इंडियंस के नए बॉलिंग स्टार अश्विनी कुमार अगर निरंतर प्रदर्शन करने में सफल रहे और उन्होंने अपने करियर पर ध्यान दिया तो आने वाले समय में वो भारतीय टीम की एक बड़ी कमजोरी को दूर कर सकते हैं।
दरअसल, अश्विनी कुमार बाएं हाथ के तेज गेंदबाज हैं। भारत के पास दाएं हाथ से गेंदबाजी करने वाले कई तेज गेंदबाज हैं और पहले भी रहे हैं, लेकिन लेफ्ट आर्म फास्ट बॉलर कम ही मिले हैं। मौजूदा समय में अर्शदीप सिंह ही ऐसे बाएं हाथ के पेसर हैं जो निरंतर रूप से सीमित ओवर क्रिकेट में अपनी जगह बना पा रहे हैं। अगर अश्विनी को सही से तराशा गया तो वो हर फॉर्मेट में टीम इंडिया की जान बन सकते हैं।
अश्विनी कुमार को मुंबई इंडियंस ने आईपीएल 2025 की मेगा नीलामी में 30 लाख रुपये में खरीदा था। वो मुंबई इंडियंस के सबसे सस्ती खरीद में से एक थे और अब बड़े-बड़े दिग्गजों से आगे निकलते नजर आ रहे हैं।