Preventive health checkups: अक्सर हम अपनी सेहत को तब तक नजरअंदाज करते रहते हैं, जब तक कोई बड़ी परेशानी सामने न आ जाए। लेकिन एक्सपर्ट्स का मानना है कि बीमार होने के बाद इलाज कराने से बेहतर है समय रहते जांच करवा लेना। विश्व स्वास्थ्य दिवस (World Health Day) के मौके पर आर्टेमिस हॉस्पिटल की यूनिट हेड और सीनियर कंसल्टेंट (इंटरनल मेडिसिन) डॉ. सीमा धीर बताती हैं कि 30 की उम्र के बाद शरीर में कई ऐसे बदलाव शुरू हो जाते हैं, जो धीरे-धीरे बीमारियों का खतरा बढ़ा सकते हैं। नियमित प्रिवेंटिव हेल्थ चेकअप्स (Preventive Health Checkups) से शरीर के अंदर हो रही समस्याओं का जल्दी पता चल जाता है और समय रहते सही कदम उठाए जा सकते हैं। यह आदत भविष्य में गंभीर बीमारियों से बचाने में मदद करती है।
30 के बाद शरीर में बदलाव आने लगते हैं
डॉ. सीमा धीर के अनुसार 30 की उम्र के बाद शरीर की कार्यप्रणाली पहले जैसी तेज नहीं रहती। मेटाबॉलिज्म धीरे-धीरे कम होने लगता है और गलत लाइफस्टाइल का असर जल्दी दिखाई देने लगता है। अनियमित खानपान, कम एक्सरसाइज और लगातार बैठकर काम करना शरीर पर दबाव बढ़ाता है। ऐसे में नियमित हेल्थ चेकअप करवाना जरूरी हो जाता है, ताकि शरीर की स्थिति का सही समय पर पता चल सके।
कई बीमारियां बिना संकेत के बढ़ती रहती हैं
डॉ. सीमा धीर बताती हैं कि डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर, थायराइड और कोलेस्ट्रॉल जैसी कई बीमारियां शुरुआत में कोई खास लक्षण नहीं देतीं। कई बार व्यक्ति खुद को बिल्कुल ठीक महसूस करता है, लेकिन शरीर के अंदर बीमारी धीरे-धीरे बढ़ रही होती है। प्रिवेंटिव हेल्थ चेकअप्स से इन समस्याओं का शुरुआती स्टेज में पता लगाकर उन्हें कंट्रोल करना आसान हो जाता है।

स्वस्थ रहने के लिए नियमित जांच क्यों जरूरी है
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खराब लाइफस्टाइल बढ़ा रही है जोखिम
आज की व्यस्त जिंदगी में जंक फूड, नींद की कमी और बढ़ता तनाव आम बात हो गई है। डॉ. सीमा धीर के अनुसार यही आदतें आगे चलकर हार्ट डिजीज, मोटापा और डायबिटीज जैसी समस्याओं का कारण बन सकती हैं। 30 की उम्र के बाद साल में एक बार बेसिक हेल्थ स्क्रीनिंग जरूर करानी चाहिए, ताकि समय रहते सुधार किया जा सके।
फैमिली हिस्ट्री हो तो ज्यादा सतर्क रहें
अगर परिवार में पहले से डायबिटीज, ब्लड प्रेशर या दिल से जुड़ी बीमारी रही है, तो जोखिम और बढ़ जाता है। डॉ. सीमा धीर के अनुसार ऐसे लोगों को नियमित हेल्थ चेकअप को टालना नहीं चाहिए। समय पर जांच से बीमारी के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है और जरूरत पड़ने पर जल्दी इलाज शुरू किया जा सकता है।
मेंटल हेल्थ को नजरअंदाज करना ठीक नहीं
डॉ. सीमा धीर बताती हैं कि आजकल मानसिक तनाव भी कई शारीरिक समस्याओं की वजह बन रहा है। लगातार चिंता, काम का दबाव और नींद पूरी न होना शरीर पर बुरा असर डालता है। हेल्थ चेकअप के दौरान मेंटल हेल्थ पर ध्यान देना भी उतना ही जरूरी है, जितना फिजिकल हेल्थ पर।
छोटी सावधानी, बड़ी सुरक्षा
प्रिवेंटिव हेल्थ चेकअप्स को बोझ नहीं बल्कि अच्छी आदत समझना चाहिए। डॉ. सीमा धीर के अनुसार समय पर जांच कराने से कई गंभीर बीमारियों से बचा जा सकता है। ध्यान रखें कि अपनी सेहत को नजरअंदाज न करें। छोटी-सी सावधानी आपको लंबे समय तक स्वस्थ और खुशहाल जीवन जीने में मदद कर सकती है।
डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।
