Narasimha Chaturdashi का पर्व भगवान नरसिंह की उपासना का विशेष दिन माना जाता है। हिंदू पंचांग के अनुसार वैशाख माह के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि के दिन पर नरसिंह चतुर्दशी मनाई जाती है। आज 30 अप्रैल को नरसिंह जयंती है, यह त्योहार भक्ति, आस्था और सकारात्मक ऊर्जा से भरपूर होता है। खास बात यह है कि इस दिन कुछ पारंपरिक व्यंजन और पेय भी बनाए जाते हैं, जिनका धार्मिक और स्वास्थ्य दोनों दृष्टि से महत्व होता है।
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इन्हीं में से एक है Panakam, एक ठंडक देने वाला देसी ड्रिंक जो खासतौर पर गर्मियों में शरीर को राहत देता है। पुंडरीक गोस्वामी जी की पत्नी रेणुका मैया ने अपने सोशल मीडिया पर नरसिंह चतुर्दशी के लिए खास ड्रिंक की रेसिपी शेयर की है। जो न केवल स्वादिष्ट है बल्कि बनाने में भी बेहद आसान है। गुड़, पानी और मसालों से तैयार यह पेय शरीर को हाइड्रेट रखने के साथ-साथ पाचन को भी दुरुस्त करता है।
क्या है पनकम?
पनकम एक पारंपरिक भारतीय पेय है, जिसे खासकर दक्षिण भारत में धार्मिक अवसरों पर बनाया जाता है। यह गुड़, पानी, काली मिर्च, अदरक और इलायची जैसे मसालों से तैयार किया जाता है। इसका स्वाद मीठा, हल्का तीखा और बेहद रिफ्रेशिंग होता है।
पनकम बनाने की सामग्री
1 कप गुड़ (कद्दूकस किया हुआ)
3–4 कप ठंडा पानी
1/2 चम्मच काली मिर्च पाउडर
1/2 चम्मच सूखा अदरक (सोंठ) पाउडर
3–4 इलायची (पिसी हुई)
थोड़ा सा नींबू रस (ऑप्शनल)
पनकम बनाने की विधि
सबसे पहले एक बर्तन में पानी लें और उसमें कद्दूकस किया हुआ गुड़ डालकर अच्छी तरह घोल लें। जब गुड़ पूरी तरह घुल जाए, तब उसमें काली मिर्च, सोंठ और इलायची पाउडर मिलाएं। स्वाद के लिए आप इसमें थोड़ा नींबू रस भी डाल सकते हैं। सभी चीजों को अच्छे से मिलाकर कुछ देर ठंडा होने के लिए रख दें। आपका पनकम तैयार है।
पनकम के फायदे
1. शरीर को ठंडक देता है
गर्मियों में यह ड्रिंक शरीर का तापमान संतुलित रखने में मदद करता है।
2. पाचन सुधारता है
सोंठ और काली मिर्च पाचन क्रिया को बेहतर बनाते हैं।
3. एनर्जी बढ़ाता है
गुड़ में मौजूद प्राकृतिक शुगर शरीर को तुरंत ऊर्जा देती है।
4. हाइड्रेशन बनाए रखता है
यह शरीर में पानी की कमी को दूर करता है और आपको फ्रेश महसूस कराता है।
पनकम को Lord Narasimha को भोग के रूप में चढ़ाया जाता है। इसे प्रसाद के रूप में ग्रहण करना शुभ माना जाता है और यह भक्तों के लिए आस्था का प्रतीक भी है। जरूर ही आज आपको भी ये भोग प्रसाद बनाना चाहिए और ग्रहण करना चाहिए।
