भगवान शिव और माता पार्वती के पुत्र गणेश जी के जन्मोत्सव को देशभर में काफी धूमधाम के साथ मनाया जाता है। गणेश चतुर्थी हिंदू धर्म के प्रमुख त्योहारों में से एक माना जाता है। भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि को पार्वती नंदन गणेश जी का जन्म हुआ था, इसलिए उनके जन्मोत्सव के पर्व को गणेश चतुर्थी (Ganesh Chaturthi) के तौर पर मनाया जाता है। इस साल गणेश चतुर्थी का त्योहार आज यानी 7 तारीख से शुरू हो रहा है और 17 सितंबर को खत्म होगा। इस त्योहार की धूम देश के अलग अलग कोने में देखने को मिलती है। वहीं सबसे ज्यादा महाराष्ट्र में इस त्योहार की धूम देखने को मिलती है। इस खास मौके पर लोग बप्पा की पूजा करते हैं और उनके प्रिय मोदक से भोग लगाते हैं। इसके साथ ही लोग एक दूसरे को अलग अलग भाषाओं में बधाईयां भी देते हैं। ऐसे में आज हम आपके लिए संस्कृत के कुछ श्लोक, विशेज, कोट्स लेकर आए हैं जिसके जरिए आप अपने करीबियों को गणेश चतुर्थी की बधाई दे सकते हैं।
1. पार्वतीनन्दनं शम्भोरानन्दपरिवर्धनम् । भक्तानन्दकरं नित्यं मयूरेशं नमाम्यहम् ॥
2. एकदन्तं महाकायं लम्बोदरगजाननम्ं। विध्ननाशकरं देवं हेरम्बं प्रणमाम्यहम्॥
3. त्रिलोकेश गुणातीत गुणक्षोम नमो नमः। त्रैलोक्यपालन विभो विश्वव्यापिन् नमो नमः॥
4. विघ्नेश्वराय वरदाय सुरप्रियाय लम्बोदराय सकलाय जगद्धितायं। नागाननाय श्रुतियज्ञविभूषिताय गौरीसुताय गणनाथ नमो नमस्ते॥
5. वक्र तुंड महाकाय, सूर्य कोटि समप्रभ:। निर्विघ्नं कुरु मे देव शुभ कार्येषु सर्वदा ॥
6. ऊँ वक्रतुण्ड महाकाय सूर्य कोटि समप्रभ। निर्विघ्नं कुरू मे देव, सर्व कार्येषु सर्वदा।।
7. गणेश चतुर्थी पण्डगायाः तव परिवारस्य सुखं, आनन्दं च प्रदास्यति। शुभेच्छाः!
8. श्री गणेश चतुर्थी शुभेच्छाः! तव जीवनं सुखमयम्, समृद्धिमयम् च स्यात्।
9. गणपत्याः आशीर्वादः तव जीवनं स्वास्थ्ययुक्तं, स्फूर्तिपूर्णं च करोतु।
10. तव जीवनस्य सर्वे कार्याणि सिद्धिं प्राप्नुयाताम्। गणेश चतुर्थी शुभेच्छाः
