Dhokha Shayari in Hindi: अमीर खुसरो का एक शेर है- खुसरो दरिया प्रेम का उल्टी बा की धार, जो उतरा सो डूब गया जो डूबा सो पार। यह शेर कहता है कि प्रेम का सागर अनंत है। जो इसमें डूबता है वही इसके रहस्य को समझ पाता है। हालांकि इस रहस्य को समझ पाना हर किसी के बस की बात भी नहीं होती। बहुत से लोगों को प्यार मुकम्मल ही नहीं हो पाता। उन्हें इश्क में ऐसे वक्त पर धोखा मिलता है जब सबकुछ थम सा जाता है। इंसान अंदर से टूट जाता है और प्यार पर से उसका विश्वास उठ जाता है। प्यार में मिले इसी धोखे पर बहुत से शायरों ने क्या तो जबरदस्त शेर लिखे हैं। यहां पढ़ें इश्क में फरेब पर 10 मशहूर शेर:
1. आशिक़ हूं प माशूक़-फ़रेबी है मिरा काम
मजनूं को बुरा कहती है लैला मिरे आगे
- मिर्ज़ा ग़ालिब
2. आदमी जान के खाता है मोहब्बत में फ़रेब
ख़ुद-फ़रेबी ही मोहब्बत का सिला हो जैसे
- इक़बाल अज़ीम
3. बच्चे फ़रेब खा के चटाई पे सो गए
इक मां उबालती रही पथर तमाम रात
- अब्दुल माजिद नश्तर जबलपुरी
4. ऐ मुझ को फ़रेब देने वाले
मैं तुझ पे यक़ीन कर चुका हूं
- अतहर नफ़ीस
5. हर दिल-फ़रेब चीज़ नज़र का ग़ुबार है
आंखें हसीन हों तो ख़िज़ां भी बहार है
- अब्दुल हमीद अदम
6. रंग ही से फ़रेब खाते रहें
ख़ुशबुएं आज़माना भूल गए
- अंजुम लुधियानवी
7. जिन का मक़्सद फ़रेब होता है
वो बड़ी सादगी से मिलते हैं
- चमन लाल चमन
8. ढूंढ़ता फिरता है मुझ को क्यूं फ़रेब-ए-रंग-ओ-बू
मैं वहां हूं ख़ुद जहां अपना पता मिलता नहीं
- अब्दुल्लतीफ़ शौक़
9. दूसरों को फ़रेब दे दे कर
हम ने ख़ुद भी फ़रेब खाया है
- ज़की काकोरवी
10. शौक़ कितने फ़रेब देता है
मुस्कुरा कर हमारा नाम न ले
- निसार इटावी
उम्मीद करते हैं कि अगर आपको भी कभी प्यार में धोखा मिला है तो ये शेर उस फरेब के दर्द पर मरहम सा महसूस करा रहे हैं। इश्क में फरेब पर लिखे ये शेर अगर आपको पसंद आए हों तो इन्हें अपने दोस्तों या करीबियों के साथ जरूर शेयर करें।
