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'पतझड़ सावन बसंत बहार एक बरस के मौसम चार', पर भारत में छह तो इस देश में सबसे ज्यादा होती हैं ऋतुएं

Seasons in India: 'पतझड़ सावन बसंत बहार एक बरस के मौसम चार', इस गाने में मौसम के चार प्रकार बताए गए हैं, लेकिन भारत में मौसम के छह प्रकार होते हैं, जबकि अमेरिका और यूरोप में चार प्रकार का मौसम होता है। हालांकि, कुछ ऐसे भी देश हैं जहां पर 5-10-15 नहीं, बल्कि इससे ज्यादा ऋतुएं होती हैं।

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मौसम के प्रकार?

Photo : iStock

Seasons in India: दिल्ली सहित उत्तर भारत के कई हिस्से भीषण गर्मी की चपेट में हैं, लेकिन दक्षिणी राज्य केरल में मानसून ने दस्तक दे दी है और उत्तर भारत की ओर बढ़ रहा है। भारत में मौसम काफी मेहरबान रहता है। यूं तो लोग अक्सर सोचते हैं कि देश में तीन ही मौसम होते हैं- गर्मी, बरसात और ठंड, पर ऐसा बिल्कुल नहीं है।

आप लोगों ने लता मंगेशकर और मोहम्मद अजीज की आवाज में 'पतझड़ सावन बसंत बहार एक बरस के मौसम चार' गाना तो खूब सुना होगा और अगर नहीं सुना तो सुन लीजिएगा। इस गाने में चार मौसम की बात कही गई है, लेकिन भारत में चार नहीं, बल्कि छह ऋतुएं होती हैं।

भारत की ऋतुएं

क्रमांकऋतुएं
1वसंत ऋतु
2ग्रीष्म ऋतु
3वर्षा ऋतु
4शरद ऋतु
5हेमंत ऋतु
6शीत ऋतु

भारत में कब कौन सी ऋतु होती है?

भारतीय कैलेंडर के मुताबिक, भारत में चैत माह से साल की शुरुआत होती है और यह वसंत ऋतु का समय है। चैत से वैशाख यानी मार्च और अप्रैल का महीना वसंत ऋतु का महीना है। वसंत ऋतु के बाद जेठ से आषाढ़ यानी अप्रैल से जून का महीना ग्रीष्म ऋतु, अषाढ़ से सावन यानी जून से अगस्त का माह वर्षा ऋतु, भाद्रपद से अश्विन शरद ऋतु, कार्तिक से पूस हेमंत ऋतु और माघ से फागुन शीत ऋतु के लिए जाना जाता है।

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मौसम के कितने सीजन होते हैं?

विदेशों में कितनी ऋतुएं होती हैं?

भारत में छह ऋतु तो अमेरिका और यूरोप में चार ऋतुएं होती हैं। हालांकि, कुछ देश अपवाद के तौर पर भी हैं, जहां पर 4-6 नहीं बल्कि दहाई में ऋतुएं होती हैं, इनमें चीन और जापान शामिल है। चीन में जहां 24 तो जापान में 72 ऋतुएं होती हैं। जापान में बहुत तेजी के साथ मौसम बदलता रहता है, इसका अंदाजा तो आप लोगों ने ऋतुओं की संख्या से ही लगा लिया होगा।

Anurag Gupta
अनुराग गुप्ताauthor

अनुराग गुप्ता टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और मीडिया में 9 वर्षों का अनुभव रखते हैं। जर्नलिज़्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से ही वे न्यूजरूम के विभिन्न आयामों—कॉपी एडिटिंग, कंटेंट क्यूरेशन और रियल-टाइम न्यूज मॉनिटरिंग में दक्षता के साथ काम कर रहे हैं। राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और ब्रेकिंग न्यूज पर उनकी मजबूत पकड़ है। अनुराग खबरों की बारीकियों को समझने, फैक्ट चेकिंग और स्टोरी के अहम पहलुओं को पाठकों तक सरल भाषा में पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने अब तक 10 हजार से अधिक खबरें प्रकाशित की हैं, जिनमें ब्रेकिंग अपडेट्स, एनालिटिकल कंटेंट, स्पेशल स्टोरीज और न्यूज एक्सप्लेनर्स शामिल हैं।

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