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विज्ञानियों ने खोजा था 'पाताल का रास्ता'! बर्फ पिछलने से हो रहा बड़ा

Batagaika Crater: दुनिया का सबसे बड़ा पर्माफ्रॉस्ट क्रेटर रूस में स्थित है। जिसे बटागाइ क्रेटर (Batagay Crater) कहते हैं। रूसी लोग आम बोलचाल की भाषा में इसे 'पाताल का रास्ता' भी कहते हैं। 60 के दशक में पहली बार इसके बारे में जानकारी मिली थी। फिलहाल यह धीरे-धीरे बड़ा होता जा रहा है।

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'पाताल का रास्ता' (बटागाइ क्रेटर)

Photo : Twitter

Batagaika Crater: दुनिया में कई ऐसी जगहें हैं, जो अक्सर कौतुहल का विषय रहती हैं, लेकिन इस एक जगह के बारे में आप लोगों को नहीं पता होगा और कुछ लोगों ने इसके बारे में सुना होगा तो ज्यादा जानकारी नहीं होगी। तो चलिए हम आपको आप दुनिया में मौजूद एक ऐसी जगह के बारे में विस्तार से समझाते हैं जिसे 'पाताल का रास्ता' भी कहा जाता है।

कहां है पाताल का रास्ता?

रूस के सुदूर पूर्व में दुनिया का सबसे बड़ा पर्माफ्रॉस्ट क्रेटर है। जिसे बटागाइ क्रेटर (Batagay Crater) कहते हैं। रूसी लोग आम बोलचाल की भाषा में इसे 'पाताल का रास्ता' भी कहते हैं। विज्ञानियों ने एक ड्रोन फुटेज से मिले वीडियो के आधार पर बटागाइ क्रेटर को लेकर एक हैरान कर देने वाला खुलासा किया था। दरअसल, यह क्रेटर लगातार बढ़ता ही जा रहा है।

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पर्माफ्रॉस्ट क्रेटर (सांकेतिक तस्वीर)

क्यों बढ़ रहा क्रेटर?

ऐसा माना जा रहा है कि रूस में स्थित पर्माफ्रॉस्ट पृथ्वी के गर्म होने की वजह से पिघल रहा है और यह विज्ञानियों के लिए चिंता की बात है। दरअसल, लंबे समय से जमी हुई जमीन को पर्माफ्रॉस्ट कहते हैं। आसान भाषा में कहें तो ऐसी जमीन जो लगातार कम से कम दो साल तक जीरो डिग्री सेल्सियस पर जमी रहती है। वह पर्माफ्रॉस्ट कहलाती है। पर्माफ्रॉस्ट अमूमन मिट्टी, चट्टानों और रेत के एक जगह पर मिलने की वजह से बनते हैं। हालांकि, यह पर्माफ्रॉस्ट धीरे-धीरे बढ़ता जा रहा है, क्योंकि नीचे जमी बर्फ पिछलने की वजह से गड्ढा बड़ा हो रहा है।

1960 के दशक में पहली बार रूस के सुदूर क्षेत्र में यह गड्ढा देखा गया था। दरअसल, यह वो दौर था जब यहां आस-पास के जंगलों की कटाई हो रही थी जिसकी वजह से यह पिघलने लगा था और जमीन घंसने लगी थी। जमीन घंसने की वजह से अंदर मौजूद ग्रीनहाउस गैस बाहर निकलने लगी और यहां पर एक बड़ा गड्ढा बन गया, जो 100 मीटर तक गहरा है।

Anurag Gupta
अनुराग गुप्ताauthor

अनुराग गुप्ता टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और मीडिया में 9 वर्षों का अनुभव रखते हैं। जर्नलिज़्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से ही वे न्यूजरूम के विभिन्न आयामों—कॉपी एडिटिंग, कंटेंट क्यूरेशन और रियल-टाइम न्यूज मॉनिटरिंग में दक्षता के साथ काम कर रहे हैं। राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और ब्रेकिंग न्यूज पर उनकी मजबूत पकड़ है। अनुराग खबरों की बारीकियों को समझने, फैक्ट चेकिंग और स्टोरी के अहम पहलुओं को पाठकों तक सरल भाषा में पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने अब तक 10 हजार से अधिक खबरें प्रकाशित की हैं, जिनमें ब्रेकिंग अपडेट्स, एनालिटिकल कंटेंट, स्पेशल स्टोरीज और न्यूज एक्सप्लेनर्स शामिल हैं।

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