राजस्थान के जैसलमेर जिले में सरकारी जमीन पर बसे पाकिस्तान से आए सैकड़ों हिंदू विस्थापितों के घरों को बुलडोजर चलाकर तोड़ दिया गया था। इसके बाद जैसलमेर की कलेक्टर टीना डाबी को इस कृत्य के लिए काफी विरोध का सामना करना पड़ा था। इसके बाद टीना डाबी (Tina Dabi) ने सैकड़ों पाकिस्तानी प्रवासियों का जल्द ही पुनर्वास करने का एक्शन प्लान बनाया। उन्होंने एक टीम का गठन किया जो उनकी मदद करेगी। साथ ही उनके खाने-पीने और रहने की व्यवस्था कराई।
पाकिस्तान से आए हिंदू प्रवासियों का जल्द होगा पुनर्वास
जैसलमेर जिला कलेक्टर टीना डाबी ने पत्रकारों से कहा कि पाकिस्तान से आए हिंदू प्रवासियों (Pakistani Hindu) के पुनर्वास की प्रक्रिया शुरू की जाएगी और जल्द ही उन्हें जमीन दी जाएगी। डाबी ने कहा कि हमने एक कमिटी बनाई है, जो जल्द ही एक उपयुक्त स्थान की पहचान करेगी जहां पर पाकिस्तानी प्रवासियों का पुनर्वास किया जाएगा। शुरुआत में हम उन लोगों को जमीन देंगे, जिन्हें भारतीय नागरिकता मिल गई है। फिलहाल इन परिवारों को रैन-बसेरे में रखा गया है।
सरकारी जमीन अतिक्रमण की मिली थी शिकायत
डाबी ने कहा कि प्रशासन को बार-बार शिकायत मिल रही थी कि पाकिस्तानी प्रवासी सरकारी जमीन और जलग्रहण क्षेत्रों पर अतिक्रमण कर रहे हैं। यह भी कहा कि जिला प्रशासन ने पाक प्रवासियों को भूमि आवंटन तक सरकार द्वारा संचालित 'रैन बसेरा' में आवास की व्यवस्था की थी।
सोशल मीडिया पर हुआ था टीना डाबी का विरोध
गौर हो कि मंगलवार को जैसलमेर प्रशासन के अधिकारियों ने सरकारी जमीन पर कब्जा करने की कोशिश करने वाले पाकिस्तानी प्रवासियों के अतिक्रमण को हटा दिया था। प्रवासियों के ग्रुप ने बुधवार को जिला कलेक्टर ऑफिस के बाहर अतिक्रमण विरोधी अभियान का विरोध किया था और मांग की थी कि उनकी समस्याओं को सुना जाए। इसको लेकर सोशल मीडिया पर टीना डाबी का काफी विरोध हुआ था।
