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गुजरात में आकर अटक गया मानसून, नहीं बढ़ रहा आगे, जानिए IMD ने क्या कहा

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के एक अधिकारी ने शनिवार को कहा कि गुजरात में समय से चार दिन पहले 11 जून को ही दस्तक देने के बावजूद दक्षिण-पश्चिम मानसून प्रतिकूल परिस्थितियों के कारण राज्य के अन्य हिस्सों में आगे नहीं बढ़ पाया है।

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गुजरात में आकर मानसून अटका

देश में इस समय गर्मी से बुरा हाल है। दिल्ली समेत लगभग पूरा उत्तर भारत हीटवेब की चपेट में हैं। पानी की कमी से जनता त्राहि-त्राहि कर रही है। ऐसे में सब गर्मी से राहत के लिए मानसून का इंतजार कर रहे हैं। लेकिन मानसून है कि समय से पहले आने के बाद भी गुजरात में आगे नहीं बढ़ रहा है।

गुजरात से आगे क्यों नहीं बढ़ रहा मानसून

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के एक अधिकारी ने शनिवार को कहा कि गुजरात में समय से चार दिन पहले 11 जून को ही दस्तक देने के बावजूद दक्षिण-पश्चिम मानसून प्रतिकूल परिस्थितियों के कारण राज्य के अन्य हिस्सों में आगे नहीं बढ़ पाया है। आईएमडी के अहमदाबाद मौसम केंद्र के वैज्ञानिक रामाश्रय यादव ने बताया कि दक्षिण-पश्चिम मानसून ने 11 जून को दक्षिण गुजरात के नवसारी में दस्तक दी थी, लेकिन प्रतिकूल परिस्थितियों के कारण यह चार दिन से आगे नहीं बढ़ पाया है।

मानसून को लेकर आईएमडी ने क्या कहा

आईएमडी ने कहा कि दक्षिण-पश्चिम मानसून आमतौर पर 15 जून को गुजरात में प्रवेश करता है और 20 जून तक अहमदाबाद और सौराष्ट्र के कुछ क्षेत्रों सहित अन्य भागों में आगे बढ़ता है। 25 जून तक मानसून सौराष्ट्र के अधिकांश भागों में पहुंच जाता है और 30 जून तक यह पूरे गुजरात को कवर कर लेता है।

दिल्ली में ऑरेंज अलर्ट

दिल्ली में शनिवार को अधिकतम तापमान 44.6 डिगी सेल्यस रहा जो सामान्य से छह डिग्री अधिक है। इस तरह यहां लोगों को चिलचिलाती गर्मी से कोई राहत नहीं मिली। रविवार को भी ऐसा ही मौसम रहने की संभावना है । रविवार को आसमान साफ रह सकता है तथा लू चलते रहने का अनुमान है। मौसम विभाग के अनुसार राष्ट्रीय राजधानी में अगले तीन दिन ऑरेंज अलर्ट रहेगा।

Shishupal Kumar
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

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