Asadudin Owaisi: ऑल इंडिया मजलिस ए इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के मुखिया एवं हैदराबाद के सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर लोगों को आगाह किया है। ओवैसी ने लोगों से अपने सभी जरूरी दस्तावेज पहले ही सही तरीके तैयार रखने के लिए कहा है। सांसद ने कहा है कि दस्तावेजों में किसी तरह की कमी न हो, लोग पहले ही इसे सुनिश्चित कर लें।
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मांगे जा रहे पारिवारिक इतिहास से जुड़े दस्तावेज
बुधवार को स्थानीय लोगों से बातचीत करते हुए ओवैसी ने कहा कि कई लोग ऐसे हैं जिनके नाम 2002 की मतदाता सूची में नहीं थे लेकिन उनके नाम 2024 के लोकसभा चुनाव में पाए गए। अब ऐसे लोगों को अपने पारिवारिक इतिहास से जुड़े दस्तावेज एवं ब्योरे पेश करने के लिए कहा जा रहा है।
दादा, दादी-परदादी के बारे में मांगे जा रहे दस्तावेज
ओवैसी ने कहा, 'ऐसे लोग जिनका नाम 2002 की मतदाता सूची में नहीं था लेकिन 2024 के संसदीय चुनाव के समय उनका नाम वोटर लिस्ट में था, ऐसे लोगों से उनके पिता, माता, दादा, दादी एवं परदादी के बारे में पता किया जा रहा है। यदि किसी का नाम 2002 की मतदाता सूची में नहीं है, ऐसे लोगों से भी अपने दस्तावेज तैयार करने के लिए कहा जा रहा है। दस्तावेज तैयार करने में उनकी मदद भी की जा रही है।'
सही तरीके से तैयार करें अपने दस्तावेज-ओवैसी
ओवैसी ने हालांकि दावा करते हुए कहा कि सत्यापन प्रक्रिया के दौरान कुछ खामियों के बारे में पता चल रहा है। उन्होंने कहा कि 'ऐसे लोग जिनके पिता की उम्र से उनकी अवस्था में 15 साल का अंतर है, ऐसे मामलों को चुनाव आयोग विषमता के रूप में दर्ज कर रहा है। यदि किसी के छह बच्चे हैं, तो ऐसे लोगों से कहा जा रहा है कि पांच से ज्यादा बच्चों के नाम दस्तावेज में शामिल नहीं करें। ऐसे में यह बहुत जरूरी है कि हम इसे लेकर जागरूक रहें और अपने दस्तावेजों को सही तरीके से तैयार करें।'
इसके पहले चुनाव आयोग ने मई में बताया कि 16 राज्यों एवं 3 केंद्रशासित प्रदेशों में SIR के तीसरे चरण की प्रक्रिया शुरू होगी। तेलंगाना में यह प्रक्रिया 15 जून से शुरू हो रही है।
