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National Herald Case: सोनिया-राहुल पर FIR से सियासी बवाल; कांग्रेस बोली- मोदी और शाह कर रहे बदले की राजनीति

ईडी की शिकायत पर नेशनल हेराल्ड मामले में दिल्ली पुलिस ने सोनिया और राहुल गांधी सहित नौ आरोपियों पर कई गंभीर धाराओं में एफआईआरदर्ज की है। जिसके बाद कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश भाजपा और केंद्र पर करारा हमला बोला है। उन्होंने मामले को पूरी तरह से बोगस बताते हुए कहा कि यह बदले की कार्रवाई है।

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राहुल गांधी और सोनिया गांधी (फाइल फोटो, पीटीआई)

Photo : PTI

नेशनल हेराल्ड मामले में दिल्ली पुलिस ने सोनिया गांधी और राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। जिसके बाद देश के सियासी हलकों में सियासी तूफान आ गया है। कांग्रेस ने इस कदम को केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए बदले की राजनीति करार दिया है। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि मोदी-शाह की जोड़ी कांग्रेस नेतृत्व को डराने और प्रताड़ित करने के लिए बदले की राजनीति कर रही है।

जयराम रमेश बोले- मामला फर्जी, सत्य की जीत होगी

पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने यह दावा भी किया कि ‘नेशनल हेराल्ड’ का मामला पूरी तरह फर्जी है और आखिरकार न्याय की जीत होगी। जयराम रमेश ने ‘एक्स’ पर पोस्ट में लिखा कि मोदी-शाह की जोड़ी कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व के खिलाफ उत्पीड़न, धमकी और प्रतिशोध की अपनी राजनीति जारी रखे हुए है। जो लोग धमकी देते हैं वे स्वयं असुरक्षित और भयभीत होते हैं।

वहीं, कांग्रेस नेता अभिषेक मनु सिंघवी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि प्राथमिकी न तो नयी शराब है, न नयी बोतल और न ही नया गिलास। यह एक ऐसा अनोखा मामला है जहां न तो कोई पैसा इधर-उधर हुआ, न ही कोई अचल संपत्ति हस्तांतरित हुई, फिर भी धन शोधन का मामला खोज लिया गया।

क्यों हुई एफआईआर?

दिल्ली पुलिस ने नेशनल हेराल्ड मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की शिकायत पर कांग्रेस नेताओं सोनिया गांधी, राहुल गांधी और अन्य आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। यह कार्रवाई एजेंसी की धन शोधन जांच का हिस्सा है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि पार्टी के शीर्ष नेताओं ने 'निजी लाभ' के लिए अपने पद का दुरुपयोग किया।

इन धाराओं में लगाए गए हैं आरोप

आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने तीन अक्टूबर को सोनिया गांधी, राहुल गांधी और सात अन्य के खिलाफ शिकायत दर्ज की थी। पुलिस ने प्राथमिकी में भारतीय दंड विधान की धारा 120बी (आपराधिक षड्यंत्र), धारा 403 (संपत्ति का दुरुपयोग), धारा 406 (आपराधिक विश्वासघात के लिए दंड) और धारा 420 (धोखाधड़ी) के तहत आरोप लगाए हैं।

सोनिया-राहुल के अलावा और किन लोगों पर एफआईआर

मामले में जिन लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है उनमें सोनिया गांधी, राहुल गांधी, कांग्रेस नेता सुमन दुबे और सैम पित्रोदा के अलावा यंग इंडियन (वाईआई) और डोटेक्स मर्चेंडाइज लिमिटेड जैसे प्रतिष्ठानों, डोटेक्स के प्रवर्तक सुनील भंडारी, एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड (एजेएल) और अन्य अज्ञात लोगों के नाम शामिल हैं।

अप्रैल में दिल्ली की एक अदालत में दाखिल ईडी के आरोपपत्र में भी इन प्रतिष्ठानों का नाम आरोपी के तौर पर दर्ज है। अदालत ने अभी तक इस पर संज्ञान नहीं लिया है और अगली सुनवाई 16 दिसंबर को निर्धारित है।

ईडी ने किया पीएमएलए की धारा 66 (2) की ताकत का इस्तेमाल

सूत्रों के अनुसार, ईडी ने पुलिस प्राथमिकी दर्ज कराने के लिए धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) की धारा 66 (2) के तहत उपलब्ध शक्तियों का इस्तेमाल किया। यह धारा संघीय एजेंसी को कानून प्रवर्तन एजेंसी द्वारा आपराधिक मामला दर्ज करने के लिए साक्ष्य साझा करने की अनुमति देती है, ताकि वह जांच को आगे बढ़ाने के लिए धन शोधन का मामला दर्ज कर सके।

सूत्रों ने बताया कि प्राथमिकी ईडी के मामले और आरोपपत्र को मजबूत करने का काम करेगी। यह मामला दिल्ली के मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट की अदालत के आदेश से संबंधित है, जिसने 26 जून 2014 को नेशनल हेराल्ड के मामलों में कथित अनियमितताओं के खिलाफ भाजपा नेता सुब्रमण्यम स्वामी की शिकायत पर संज्ञान लिया था।

ईडी ने अपने आरोपपत्र में आरोप लगाया था कि कई प्रमुख राजनीतिक हस्तियों द्वारा एक आपराधिक साजिश रची गई थी, जिसमें सोनिया गांधी, उनके सांसद पुत्र राहुल गांधी के अलावा दिवंगत कांग्रेस नेता मोतीलाल वोरा और ऑस्कर फर्नांडीस तथा दुबे, पित्रोदा और एक निजी कंपनी ‘यंग इंडियन’ शामिल हैं। इन पर एजेएल की 2,000 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की संपत्तियों के अधिग्रहण से संबंधित धन शोधन में संलिप्त होने का आरोप है।

Shiv Shukla
शिव शुक्लाauthor

शिव शुक्ला टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में कार्यरत एक अनुभवी न्यूज राइटर हैं। छह वर्षों के पेशेवर अनुभव के साथ वे डिजिटल पत्रकारिता में तेज, सटीक और प्रभावी कंटेंट तैयार करने के लिए पहचाने जाते हैं। वह राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय खबरों, राजनीतिक घटनाक्रमों और गहन विश्लेषण पर विशेष पकड़ रखते हैं। ब्रेकिंग न्यूज कवरेज, लाइव ब्लॉग, एक्सप्लेनर और एनालिसिस आर्टिकल तैयार करने में उन्हें विशेषज्ञता हासिल है। शिव शुक्ला 8,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट प्रकाशित कर चुके हैं। मजबूत न्यूज सेंस, विश्लेषण क्षमता और स्पष्ट लेखन शैली उनकी खासियत है। उन्हें नए स्थानों की यात्रा करना और किताबें पढ़ने का शौक है, जो उनकी लेखन शैली एवं दृष्टिकोण को और समृद्ध बनाता है।

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