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CJP Protest का 19वां दिन; वांगचुक का वजन 7 Kg से ज्यादा घटा, AISA सदस्य अस्पताल में भर्ती

वांगचुक का वजन घटकर 59.40 किलोग्राम हो गया है, जिससे भूख हड़ताल शुरू होने के बाद से उनके वजन में कुल सात किलोग्राम से ज्यादा की कमी आई है।

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वांगचुक का वजन 7 Kg से ज्यादा घटा

जंतर मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन में 11 दिन से अनशन पर बैठे शिक्षाविद और जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की हालत बुधवार को और बिगड़ गई। चिकित्सकों ने बताया कि उनका वज़न सात किलोग्राम से ज़्यादा कम हो गया है।विरोध स्थल पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल में शामिल ’ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन’ आइसा के सदस्य ऋषिकेश को गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं के कारण राम मनोहर लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया।

कॉजपा का प्रदर्शन 19 दिन से जारी है। इसमें कथित परीक्षा अनियमितताओं पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और सरकार की जवाबदेही की मांग की जा रही है।बुधवार को जारी स्वास्थ्य बुलेटिन के अनुसार, वांगचुक का वजन घटकर 59.40 किलोग्राम हो गया है, जिससे भूख हड़ताल शुरू होने के बाद से उनके वजन में कुल सात किलोग्राम से ज्यादा की कमी आई है।

उनका रक्तचाप (बीपी) 103/68 और लेटे हुए 111/73 दर्ज किया गया। उनकी दिल के धड़कने की दर 74 प्रति मिनट, रक्त शर्करा स्तर 75 और ऑक्सीजन सैचुरेशन 98 प्रतिशत दर्ज किया गया।बुलेटिन में कहा गया है कि उनके शरीर में पानी का स्तर ठीक था और वह मानसिक रूप से सतर्क हैं।बाद में, आइसा ने बताया कि ऋषिकेश को सीने में तेज़ दर्द और लगभग 24 घंटे तक अपने हाथ-पैर न हिला पाने की स्थिति के बाद राम मनोहर लोहिया अस्पताल ले जाया गया।

उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया

छात्र संगठन ने बताया कि उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया और नस के ज़रिए तरल पदार्थ दिया गया, जिससे उनकी 11 दिन की भूख हड़ताल खत्म हो गई।कॉजपा प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रही है और आरोप लगा रही है कि बार-बार होने वाली परीक्षा अनियमितताओं और प्रश्नपत्र लीक ने छात्रों और उनके परिवारों की जिंदगी बर्बाद कर दी है।

बाकी चार छात्रों ने अपना अनशन जारी रखा

जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी के बराक हॉस्टल के पूर्व अध्यक्ष ऋषिकेश, आइसा नेताओं नेहा, मनीष, दीपक कुमार वर्मा और आमीन के साथ मिलकर, विरोध प्रदर्शन वाली जगह पर एक अलग मंच से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे थे।बाकी चार छात्रों ने अपना अनशन जारी रखा।

कॉजपा ने उसके मूल ’एक्स’ हैंडल पर लगी रोक को हटाने के दिल्ली उच्च न्यायालय के फैसले का स्वागत किया। कॉजपा के संस्थापक अभिजीत दीपके ने इसे आंदोलन के लिए बड़ी जीत बताया।

Ravi Vaish
रवि वैश्यauthor

रवि वैश्य टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर कार्यरत एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें पत्रकारिता में 20 वर्षों का व्यापक अनुभव हासिल है। खबरों की बारीकियों को समझने और तेजी से प्रस्तुत करने में उनकी विशेष दक्षता है। टीवी पत्रकारिता में रिपोर्टिंग और डेस्क—दोनों क्षेत्रों में अनुभव होने के कारण वे समाचारों को बहुआयामी दृष्टिकोण से देखते हैं। देश–दुनिया की ताजातरीन अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज, एक्सप्लेनर और विशेष स्टोरीज तैयार करने में वे सिद्धहस्त हैं। उनकी प्राथमिकता हमेशा यही रही है कि हर खबर तेज, सटीक और जानकारीपूर्ण रूप में पाठकों तक पहुंचे। रवि वैश्य अब तक 22,000 से अधिक खबरें लिख चुके हैं, जिनमें कई एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, इंटरव्यू, ग्राउंड रिपोर्ट्स, विश्लेषण और एक्सप्लेनर शामिल हैं।

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