गाजियाबाद फैक्‍ट्री विस्‍फोट मामले में मजिस्‍ट्रेट जांच के आदेश, सीएम ने किया मुआवजे का ऐलान

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jul 5, 2020, 08:27 PM IST

Explosion in Modi Nagar factory: गाजियाबाद के मोदीनगर में एक मोमबत्‍ती फैक्‍ट्री में विस्‍फोट की घटना में सात लोगों की मौत हो गई, जिसके बाद मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ ने घटना को लेकर रिपोर्ट तलब की है।

गाजियाबाद फैक्‍ट्री विस्‍फोट मामले में मजिस्‍ट्रेट जांच के आदेश, सीएम ने किया मुआवजे का ऐलान
Photo Credit: ANI

गाजियाबाद : उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले में मोमबत्‍ती बनाने वाले एक कारखाने में रविवार को विस्‍फोट हुआ, जिसमें 7 लोगों की जान चली गई, जबकि कई अन्‍य घायल हो गए। घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंच गई। हादसे में जख्‍मी हुए लोगों को अस्‍पताल में भर्ती कराया गया है। मौके पर अग्निशमन दल के कर्मी और पुलिस की टीम मौजूद है। मामले में मजिस्‍ट्रेट जांच के आदेश दिए गए हैं। इस बीच सीएम ने इस पर अधिकारियों से जांच रिपोर्ट तलब की है और पीड़‍ितों के लिए मुआवजे का ऐलान किया है।

सीएम योगी ने मांगी रिपोर्ट

मुख्‍यमंत्री कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि सीएम योगी आदित्‍यनाथ ने गाजियाबाद में मोदीनगर के बखरवा गांव में मोमबत्ती कारखाने में आग लगने की घटना में जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को मौके पर पहुंचकर घटना में घायल हुए लोगों को तत्काल राहत पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही घटनास्थल की जांच कर शाम तक रिपोर्ट पेश करने को कहा है।

मुआवजे का ऐलान

जिलाधिकारी अजय शंकार पांडे ने बताया कि इस घटना में 7 लोगों की जान गई है, जबकि चार अन्‍य घायल हुए हैं। उन्‍होंने बताया कि मृतकों के परिजनों के लिए चार-चार लाख रुपये मुआवजे का ऐलान किया गया है। वहीं घायलों को नि:शुल्‍क इलाज व 50,000 रुपये की वित्‍तीय सहायता दी जाएगी।

आग लगने के बाद हुआ विस्‍फोट

बताया जा रहा है कि यहां शाम करीब 4 बजे एक छप्‍पर में आग लगी। आग की लपटें देखते ही देखते पूरी फैक्‍ट्री में फैल गईं, जिसके बाद यहां एक जोरदार विस्‍फोट हुआ। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि फैक्‍ट्री के भीतर काम कर रहे लोग बाहर नहीं निकल सके और उनकी मौके पर ही मौत हो गई।

पुलिस/प्रशासन पर लापरवाही का आरोप

घटना की जानकारी मिलने पर मौके पर वरिष्‍ठ अधिकारी और फायर बिग्रेड की टीम पहुंची। बताया जा रहा है कि यहां फैक्‍ट्री का संचालन अवैध तरीके से हो रहा था और सुरक्षा के पर्याप्‍त इंतजाम भी नहीं थे। घटना के बाद नाराज लोगों ने मौके पर पहुंचे जिला प्रशासन के अधिकारियों का घेराव भी किया। उन्‍होंने पुलिस व प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया। बताया जाता है कि यहां बर्थडे केक पर लगने वाले पेंसिल बम और मोमबत्ती का निर्माण होता था।

End of Article