Mahagathbandhan manifesto: बिहार में महागठबंधन ने जारी किया घोषणा पत्र,कांग्रेस ने स्वीकारा तेजस्वी का नेतृत्व

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Oct 17, 2020, 10:15 AM IST

Mahagathbandhan manifesto: महागठबंधन ने बिहार विधानसभा चुनाव के लिए अपना घोषणा पत्र जारी कर दिया है। इसे 'प्रण हमारा संकल्प बदलाव का' नाम दिया गया है।

Mahagathbandhan manifesto: बिहार में महागठबंधन ने जारी किया घोषणा पत्र,कांग्रेस ने स्वीकारा तेजस्वी का नेतृत्व
Photo Credit: ANI

पटना: बिहार विधानसभा चुनाव से पहले महागठबंधन ने अपना घोषणा पत्र जारी कर दिया है। इस मौके पर राष्ट्रीय जनता दल (RJD) नेता तेजस्वी यादव, कांग्रेस नेता रणदीप सिंह सुरजेवाला और शक्तिसिंह गोहिल और अन्य नेता मौजूद रहे। घोषणा पत्र के कवर पेज पर लिखा है, 'प्रण हमारा संकल्प बदलाव का'। इस मौके पर तेजस्वी यादव ने कहा कि बिहार में डबल इंजन की सरकार है। नीतीश कुमार पिछले 15 वर्षों से राज्य में शासन कर रहे हैं लेकिन इसे विशेष श्रेणी का दर्जा नहीं दिया गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप नहीं आएंगे और बिहार को विशेष राज्य का दर्जा दिलाएंगे। 

तेजस्वी ने कहा कि 2015 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि वह मोतिहारी की चीनी मिल की एक कप चाय पीएंगे। लेकिन आप देख सकते हैं कि बिहार में चीनी मिल, जूट मिल, पेपरमिल, राइस मिल बंद हैं। कोई खाद्य प्रसंस्करण इकाइयां स्थापित नहीं की हैं। इस शासन में 60 से अधिक घोटाले हुए। अपराध बढ़े हैं। जेडीयू- बीजेपी ने बिहार में पीठ में छुरा घोंपा है।'

वहीं रणदीप सिंह सुरजेवाला ने कहा, 'ये चुनाव नई दशा बनाम दुर्दशा का चुनाव है, ये चुनाव नया रास्ता और नया आसमान बनाम हिन्दू-मुसलमान का चुनाव है, ये चुनाव नए तेज बनाम फेल तजुर्बे की दुहाई का चुनाव है, ये चुनाव खुद्दारी और तरक्की बनाम बंटवारा और नफरत का चुनाव है।' 

उन्होंने कहा कि अगर हम तेजस्वी यादव के नेतृत्व में सरकार बनाते हैं तो हम पहले विधानसभा सत्र में तीन कृषि विरोधी कानूनों को खत्म करने के लिए एक विधेयक पारित करेंगे।  

तेजस्वी ने सत्ता में आने 10 लाख नौकरियां देने का वादा किया। उन्होंने कहा, 'हमने नवरात्रि के पहले दिन प्रतिज्ञा की है। हमारा घोषणापत्र है- प्रण हमारा संकल्प बदलाव का। मैं एक शुद्ध बिहारी हूं। मेरा डीएनए शुद्ध है। जैसा कि मैंने घोषणा की है कि अगर हम सत्ता में आते हैं, तो हम पहली कैबिनेट में 10 लाख युवाओं को नौकरी देंगे। सरकारी नौकरियों के फॉर्म मुफ्त होंगे। सरकार यात्रा का खर्च वहन करेगी।'

End of Article