Nandigram Bypoll 2026 : पश्चिम बंगाल की नंदीग्राम सीट एक बार फिर चर्चा में है। टीएमसी प्रत्याशी के नामांकन वापस लेने के बाद ममता बनर्जी ने कांग्रेस प्रत्याशी को समर्थन देने का ऐलान किया था। इसके बाद शाम को खबर आई कि नंदीग्राम से कांग्रेस के उम्मीदवार मिलन प्रधान को गिरफ्तार कर लिया गया है। कांग्रेस ने मिलन प्रधान की गिरफ्तारी को लेकर बीजेपी पर निशाना साधा है। पार्टी का आरोप है कि बीजेपी लोकतांत्रिक प्रक्रिया के बीच तानाशाही को जगह देने की कोशिश कर रही है। कांग्रेस ने कहा कि इस तरह की कार्रवाई से विपक्ष डरने वाला नहीं है।
पुलिस ने क्या कहा?
पुलिस के बयान के मुताबिक, मिलन प्रधान पर नंदीग्राम और खेजुरी थानों में दर्ज मामलों में हत्या, हत्या के प्रयास, हत्या के इरादे से अपहरण, सबूत मिटाने, घर में घुसने, दंगा और हथियारों के इस्तेमाल जैसे गंभीर आरोप हैं। पुलिस ने बताया कि इन मामलों में उन्हें चार्जशीट में फरार आरोपी के तौर पर दर्ज किया गया था।
पुलिस के अनुसार, संबंधित मामले नंदीग्राम थाने में 30 अप्रैल 2007, 8 नवंबर 2007 और 15 नवंबर 2007 को दर्ज किए गए थे, जबकि चौथा मामला खेजुरी थाने में 30 जुलाई 2007 को दर्ज हुआ था। इन मामलों में IPC और Arms Act की विभिन्न धाराओं के तहत कार्रवाई की गई थी।
पुलिस ने एक स्टेटमेंट जारी कर कहाँ, “मिलन प्रधान के खिलाफ जारी वारंट को पहले भी कई बार तामील कराने की कोशिश की गई, लेकिन वे सफल नहीं हुईं। इस संबंध में अदालतों को समय-समय पर Non-Execution Reports यानी NER भी भेजी गईं। पुलिस के मुताबिक, चुनाव के दौरान लंबित गैर-जमानती वारंटों की तामील चुनाव आयोग के निर्देशों का हिस्सा है और इसी विशेष अभियान के तहत यह गिरफ्तारी की गई है।”
ममता का कांग्रेस को समर्थन
ममता बनर्जी खेमे से तृणमूल उम्मीदवार संचिता प्रधान डे ने शुक्रवार को अपना नामांकन वापस ले लिया और उसके तुरंत बाद ममता बनर्जी ने घोषणा की कि वे नंदीग्राम उपचुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान का समर्थन करेंगी। इस घोषणा के कुछ ही घंटों के बाद, पुलिस ने मिलन को गिरफ़्तार कर लिया। पुलिस सूत्रों के अनुसार, नंदीग्राम से कांग्रेस उम्मीदवार एक पुराने हत्या के मामले में आरोपी हैं और उनके ख़िलाफ़ पहले ही वारंट जारी किया जा चुका था। इस बीच, शनिवार को नामांकन दाखिल करने का आखिरी दिन होने के कारण, सुवेंदु अधिकारी के गढ़ में एक प्रतिद्वंद्वी उम्मीदवार की गिरफ़्तारी ने हलचल मचा दी है।
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क्या बोलीं कांग्रेस प्रवक्ता
कांग्रेस प्रवक्ता मीता चक्रवर्ती ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मिलन प्रधान को अपना समर्थन दिया और कुछ ही घंटों के भीतर उन्हें गिरफ़्तार कर लिया गया। उन्होंने बीजेपी पर आरोप लगाते हुए कहा कि अगर आप डराने-धमकाने का तरीका अपनाते हैं—विपक्ष को जगह नहीं देते—तो क्या आप इस देश में तानाशाही चाहते हैं या लोकतंत्र?। अगर आपको लगता है कि आप ऐसी धमकियों से कांग्रेस या विपक्ष को रोक सकते हैं, तो आप पूरी तरह गलतफहमी में हैं।
टीएमसी दो गुटों में बंटी
शुक्रवार दोपहर को चुनाव आयोग द्वारा TMC पार्टी का नाम और सिंबल (चुनाव चिन्ह) वापस लेने के बाद दोनों गुटों को अलग-अलग नाम और सिंबल दिया गया है। ममता बनर्जी का गुट ममता ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस तो ऋतब्रत बनर्जी का गुट डेमोक्रेटिक तृणमूल कांग्रेस है। ममता की पार्टी को चुनाव चिन्ह फुटबॉल तो ऋतब्रत की पार्टी को लिफाफा दिया गया है
