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Baatein Dil Se: 'मुझे नौकरी चाहिए थी'- अमेठी से हार के Smriti Irani ने TV में वापसी पर तोड़ी चुप्पी

  • Authored by: अभय
  • Updated Sep 5, 2026, 01:14 PM IST

Smriti Irani Baatein Dil Se Show: टीवी की तुलसी से राजनीति तक का सफर तय करने वाली स्मृति ईरानी अब फिर छोटे पर्दे पर लौट आई हैं। शो 'बातें दिल से' में उन्होंने कई दिलचस्प बातें शेयर कीं।

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स्मृति ईरानी ने किया ये खुलासा (Image Source: Timesnow/ IMDb)

Smriti Irani Baatein Dil Se Show: टीवी की दुनिया में कभी तुलसी बनकर घर-घर में मशहूर हुईं स्मृति ईरानी (Smriti Irani) एक बार फिर छोटे पर्दे पर अपनी पहचान वाली दुनिया में लौट चुकी हैं। राजनीति में लंबी पारी खेलने के बाद उनकी यह वापसी किसी सरप्राइज से कम नहीं रही। लेकिन इस कमबैक के पीछे आखिर कहानी क्या है? क्या ये सिर्फ एक्टिंग के लिए उनकी पुरानी मोहब्बत है या फिर इसके पीछे कोई और वजह भी है? इन सवालों का जवाब खुद स्मृति ईरानी ने टाइम्स ग्रुप की एडिटर-इन-चीफ नाविका कुमार (Navika Kumar) के शो ‘बातें दिल से’ (Baatein Dil Se) में दिया। तो चलिए जानते हैं स्मृति ईरानी ने क्या बोला है।

स्मृति ईरानी ने खुद मांगा काम

स्मृति ईरानी ने बताया कि उन्हें काम की तलाश में खुद लोगों को फोन करना पड़ा था। उन्होंने कहा, 'मैंने अपना फोन उठाया और मीडिया और एंटरटेनमेंट में काम मांगा। मैंने कहा कि मैं बेरोजगार हूं, क्या आप मुझे कुछ काम दे सकते हैं?' एक्टर से नेता बनीं स्मृति ईरानी ने बताया कि उदय शंकर उस समय जियोहॉटस्टार और स्टार के वाइस-चेयरमैन थे और वो उस वक्त कंपनी में आए थे, जब ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी’ खत्म हो चुका था। स्मृति के मुताबिक, 'वही एक वजह थे कि एंटरटेनमेंट में मेरी नौकरी चली गई और बाद में वही मेरी वापसी की एक वजह भी बने।' उन्होंने बताया कि उन्होंने उदय शंकर से कहा था, 'सर, मुझे नौकरी नहीं चाहिए। क्या आप मेरी मदद कर सकते हैं?' उस समय उदय विदेश में थे। उनकी बात सुनकर उन्होंने पूछा, 'आप कैबिनेट मंत्री रह चुकी हैं और अब नौकरी मांग रही हैं?' इस पर स्मृति ने कहा कि उन्हें अपने प्रोफेशनल फील्ड में वापस लौटने में कुछ भी गलत नहीं लगता।

टीवी पर लौटना बताया ‘लिबरेटिंग’

स्मृति ईरानी ने बताया कि उदय शंकर ने उन्हें याद दिलाया था कि टेलीविजन की नौकरी कितनी मुश्किल और थकाने वाली होती है। उन्होंने कहा कि जो लोग इस काम को जानते हैं, उन्हें पता है कि 12 घंटे तक की शिफ्ट हो सकती है और आप कभी भी पूरी तरह काम से ऑफ नहीं होते। उदय ने उनसे पूछा था कि क्या वो वाकई सेट पर एक एम्पलाई के तौर पर जाकर काम करना चाहती हैं। स्मृति अपने फैसले को लेकर पूरी तरह तैयार थीं और उनका मानना था कि इसमें कोई बुराई नहीं है। उन्होंने बताया कि जब लोग उन्हें सेट पर देखते थे तो काफी हैरान होते थे। लोग सोच रहे थे कि वो डेली वेज पर कैसे काम करेंगी। हालांकि, उनके लिए ये फैसला ‘लिबरेटिंग’ था, क्योंकि किसी को उम्मीद नहीं थी कि वो ऐसा करेंगी। स्मृति ने कहा कि हालात बदल सकते हैं और दोबारा शुरुआत करने के लिए तैयार रहने में भी एक तरह की आजादी है। उन्होंने राजनीति को लेकर कहा कि राजनीति में कोई दोस्त नहीं होता, वहां सिर्फ साथ काम करने वाले लोग हो सकते हैं। स्मृति ने आगे कहा कि भगवान ने उन्हें इन दो सालों में राजनीति के दौरान 200 किलो का बोझ अपनी पीठ पर उठाते हुए देखा है। इसलिए एक समय ऐसा आएगा, जब भगवान उनसे कहेंगे कि बैठो और इस बोझ को थोड़ा उतार दो। वो इन दो सालों की जिंदगी को इसी नजरिए से देखती हैं।

Abhay
अभयauthor

अभय टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में एंटरटेनमेंट डेस्क पर चीफ कॉपी एडिटर हैं। टीवी पत्रकारिता में डिप्लोमा हासिल करने वाले अभय मनोरंजन जगत की खबरों पर मजबूत पकड़ रखते हैं। वे फिल्म, टीवी, ओटीटी और सेलिब्रिटी अपडेट्स को सरल भाषा में और सटीक जानकारी के साथ पेश करने के लिए जाने जाते हैं। अभय अबतक 9,000 से अधिक खबरें लिख चुके हैं। तेजी से बदलती एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में खबरों को पकड़ने, रिसर्च करने और समय पर प्रकाशित करने में उनकी खास दक्षता है।

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