West Bengal Assembly Election 2026: पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले में उस समय सनसनी फैल गई, जब मध्यमग्राम विधानसभा क्षेत्र के नीलगंज सुभाषनगर इलाके में सुभाष नगर पेट्रोल पंप के पास एक गली में VVPAT पर्चियां पड़ी मिलीं। चुनाव प्रक्रिया के बीच इस तरह पर्चियों का खुले में मिलना सुरक्षा और पारदर्शिता को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।
छानबीन में जुटे अधिकारी
वीवीपैट पर्चियां मिलने से मचे हड़कंप के बाद जब मामले की जांच हुई तो पता चला कि सड़क पर बिखरी मिलीं VVPAT पर्चियां मतदान के दिन की नहीं, बल्कि मॉक पोल से संबंधित हैं, जो वोटिंग से पहले हुई थी। इसके अतिरिक्त मामले की एक विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है।
शिकायत दर्ज
इस मामले की एक विस्तृत जांच शुरू कर दी गई हैं और सत्यापन तथा जरूरी कार्रवाई के लिए एक औपचारिक शिकायत भी दर्ज कराई गई है।
432 मतगणना पर्यवेक्षक तैनात
वहीं, चुनाव आयोग ने पश्चिम बंगाल के 293 विधानसभा क्षेत्रों में सोमवार को मतों की पारदर्शी और सुचारू गिनती सुनिश्चित करने के लिए 432 मतगणना पर्यवेक्षकों की तैनाती की है। चुनाव आयोग ने एक बयान में कहा कि संवेदनशील और चुनावी महत्व को देखते हुए कई जिलों में अतिरिक्त पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं।
कहां कितने पर्यवेक्षक हुए तैनात
उत्तर 24 परगना जिले की 33 सीट के लिए 49 पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं, जबकि दक्षिण 24 परगना जिले की 31 सीट के लिए 45 पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं। मुर्शिदाबाद में 22 निर्वाचन क्षेत्रों के लिए 33 पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं, जो बढ़ी हुई निगरानी व्यवस्था दर्शाता है। दार्जिलिंग, जलपाईगुड़ी और उत्तर दिनाजपुर जैसे जिलों में, प्रत्येक निर्वाचन क्षेत्र के लिए एक अतिरिक्त पर्यवेक्षक उपलब्ध कराया गया है।
सनद रहे कि बंगाल की सभी 194 सीटों के लिए 23 अप्रैल और 29 अप्रैल को मतदान हुआ, लेकिन चुनाव आयोग ने गड़बड़ी की शिकायतों के बाद फालता विधानसभा सीट पर वोटिंग रद्द कर दी। ऐसे में 21 मई को इस सीट पर फिर से मतदान होगा।
