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सुप्रीम कोर्ट ने बरकरार रखा हाई कोर्ट का फैसला, रद्द रहेगी राजस्थान SI भर्ती परीक्षा 2021

राजस्थान सब-इंस्पेक्टर भर्ती 2021 को रद्द करने के हाई कोर्ट के फैसले को सुप्रीम कोर्ट ने बरकरार रखा। सुनवाई के दौरान चयनित उम्मीदवारों द्वारा दायर SLP को प्रारंभिक स्तर पर ही खारिज कर दिया गया है।

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सुप्रीम कोर्ट ने बरकरार रखा हाई कोर्ट का फैसला

राजस्थान में सब-इंस्पेक्टर भर्ती 2021 (Rajasthan SI Exam 2021) को लेकर चल रहा विवाद अब अपने निर्णायक मोड़ पर पहुंच गया है। सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान हाई कोर्ट के उस फैसले को सही ठहराया है जिसमें बड़े पैमाने पर धांधली के कारण 859 पदों की इस भर्ती को रद्द कर दिया गया था। चयनित उम्मीदवार (ट्रेनी SI) द्वारा दायर की गई विशेष अनुमति याचिका (SLP) को कोर्ट ने प्रारंभिक स्तर पर ही खारिज कर दिया। इसके साथ ही सुप्रिम कोर्ट ने राजस्थान हाई कोर्ट के फैसले को बरकरार रखा है।

अदालत का कड़ा रुख और तर्क

सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस दीपांकर दत्ता और जस्टिस सतीश चंद्र शर्मा की खंडपीठ ने इस मामले में कड़ी टिप्पणी की। इस मामले को लेकर अदालत का मानना है कि राजस्थान में भर्ती प्रक्रिया की गोपनीयता पूरी तरह भंग हो चुकी थी और पेपर लीक होने के कारण आगे पूरी की गई इस प्रक्रिया को मंजूरी नहीं दी जा सकती।

इस पर कुछ उम्मीदवारों ने तर्क दिया है कि केवल 6.3% अभ्यर्थी ही कथित तौर पर फर्जी पाए गए हैं, इसलिए पूरी भर्ती को रद्द करना उचित नहीं है। हालांकि, कोर्ट ने इस परीक्षार्थियों की इस दलील को खारिज करते हुए कहा कि जब दूध के गिलास में जहर की दो-तीन बूंदें गिर जाएं, तो उन्हें अलग नहीं किया जा सकता, बल्कि पूरा गिलास ही फेंकना पड़ता है। इसी तरह, इस भर्ती में सही और गलत अभ्यर्थियों की छंटनी करना संभव नहीं है। इसलिए पूरी प्रक्रिया को ही रद्द किया जाएगा।

भर्ती में धांधली की परतें खुली

राजस्थान एसआई भर्ती में हुई धांधली के मामले की जांच एसओजी (SOG) द्वारा की जा रही है, जिसने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए 145 लोगों को गिरफ्तार किया है। बता दें कि इनमें 63 ट्रेनी एसआई और 6 चयनित सब-इंस्पेक्टर शामिल हैं। जांच में सामने आया कि कई टॉपर्स ने डमी कैंडिडेट बैठाकर या पहले से पेपर हासिल करके परीक्षा पास की गई है।

SI भर्ती 2025 के भविष्य का फैसला सरकार के हाथ

वर्तमान स्थिति को देखते हुए एसआई भर्ती 2025 के भविष्य पर फैसला अब सरकार के हाथ में है। आरपीएससी (RPSC) ने कोर्ट में तर्क दिया है कि 2021 में हुई भर्ती परीक्षा के करीब 2,21,448 उम्मीदवारों ने नई भर्ती के लिए आवेदन नहीं किया है, जिससे पूरी प्रक्रिया बाधित हो सकती है। स्थिति को देखते हुए सरकार राहत देने के लिए कई कदम उठा सकती है, जिसमें पुलिस नियम, 1989 में संशोधन कर तीसरी पारी में परीक्षा का आयोजन करना और आयु सीमा में छूट देकर 2026 में नई भर्ती निकालना, जिसमें पदों की संख्या बढ़ाई जा सकती है।

Varsha Kushwaha
वर्षा कुशवाहाauthor

वर्षा कुशवाहा टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की एजुकेशन डेस्क पर बतौर कॉपी एडिटर कार्यरत हैं और पिछले 5 वर्षों से मीडिया में सक्रिय हैं। जर्नलिज़्म में पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा पूरा करने के बाद उन्होंने न्यूज रूम में तेजी, सटीकता और गहराई के साथ काम करते हुए अपनी मजबूत संपादकीय पहचान बनाई है। वर्षा की विशेषज्ञता हाइपर-लोकल खबरों, इवेंट कवरेज और स्टेट पॉलिटिक्स से जुड़ी रिपोर्टिंग में भी है। अब तक वर्षा कुशवाहा 8,000 से अधिक खबरें लिख चुकी हैं, जिनमें कई अहम लोकल रिपोर्ट्स, एजुकेशन और करियर की खबरें तथा फीचर-आधारित स्टोरीज शामिल हैं।

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