QS World University Ranking 2027: भारत की उच्च शिक्षा व्यवस्था पिछले कुछ वर्षों में तेजी से आगे बढ़ रही है। इसका असर दुनिया की प्रमुख यूनिवर्सिटी रैंकिंग में भी दिखाई दे रहा है। केंद्र सरकार ने लोकसभा में बताया कि QS World University Rankings में शामिल भारतीय संस्थानों की संख्या पिछले एक दशक में काफी बढ़ी है। साल 2015 में जहां भारत के केवल 11 संस्थान इस रैंकिंग में जगह बना पाए थे, वहीं 2027 की रैंकिंग में इनकी संख्या बढ़कर 52 हो गई है। इनमें से 26 संस्थान ऐसे हैं, जिनकी रैंकिंग बेहतर हुई है। हालांकि 9 संस्थानों की रैंकिंग में कोई बदलाव नहीं हुआ, जबकि 15 संस्थानों की रैंक में कमी दिखी है।
सरकार ने इस बढ़ोतरी के पीछे देश में उच्च शिक्षा के विस्तार और साल 2015 में शुरू किए गए National Institutional Ranking Framework यानी NIRF को भी अहम वजह बताया है।
NIRF क्या है?
NIRF के जरिए देश के शिक्षण संस्थानों का अलग-अलग आधार पर मूल्यांकन किया जाता है। इसमें पढ़ाई की गुणवत्ता, रिसर्च, छात्रों के ग्रेजुएशन के बाद के परिणाम, संस्थान में सभी वर्गों की भागीदारी और पूरे शैक्षणिक प्रदर्शन जैसी चीजों को देखा जाता है।
NIRF में हिस्सा लेने वाले संस्थानों की संख्या भी लगातार बढ़ी है। साल 2021 में 4,030 संस्थानों ने इसमें हिस्सा लिया था। 2025 तक यह आंकड़ा बढ़कर 7,692 हो गया। इसी अवधि में रैंकिंग के लिए जमा होने वाले आवेदनों की संख्या 6,272 से बढ़कर 14,163 पहुंच गई।
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भारत का टॉप संस्थान
QS World University Rankings 2027 में शामिल 52 भारतीय संस्थानों में से 26 ने अपनी पिछली रैंकिंग के मुकाबले बेहतर प्रदर्शन किया। इनमें से 9 संस्थानों की रैंकिंग में कोई बदलाव नहीं हुआ, जबकि 15 संस्थानों की रैंक कुछ गिरी है। दो संस्थानों ने पहली बार इस वैश्विक रैंकिंग में जगह बनाई।
भारत की ओर से IIT Delhi ने सबसे बेहतर प्रदर्शन किया है। संस्थान ने अपनी पिछली स्थिति से पांच पायदान ऊपर चढ़ते हुए दुनिया में 118वीं रैंक हासिल की। IIT Bombay 134वें स्थान पर रहा, जबकि IIT Madras को 170वीं रैंक मिली। IIT Kharagpur 205वें और IISc Bengaluru 221वें स्थान पर रहा।
IIT के अलावा किन संस्थानों ने भी किया बेहतर प्रदर्शन
इस रैंकिंग में केवल IIT ही नहीं, बल्कि दूसरे भारतीय संस्थानों ने भी अपनी स्थिति मजबूत की है। VIT ने 94 पायदान की बड़ी छलांग लगाते हुए 597वीं रैंक हासिल की। वहीं BITS Pilani 93 स्थान ऊपर चढ़कर 575वें स्थान पर पहुंच गया।
IIT Hyderabad और Jamia Millia Islamia ने भी पिछली रैंकिंग की तुलना में अच्छा सुधार दर्ज किया है। इससे पता चलता है कि भारत में उच्च शिक्षा के क्षेत्र में सिर्फ पुराने और बड़े संस्थान ही नहीं, बल्कि दूसरे संस्थान भी वैश्विक स्तर पर अपनी पहचान बनाने की कोशिश कर रहे हैं।
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