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आसाराम को बड़ी राहत, राजस्थान हाईकोर्ट से बलात्कार मामले में मिली अंतरिम जमानत

आसाराम को अब राजस्थान हाईकोर्ट ने रेप के एक मामले में अंतरिम जमानत दे दी है। इससे पहले सुप्रीम कोर्ट से एक और रेप के मामले में राहत मिली थी।

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आसाराम को मिली अंतरिम जमानत

Photo : PTI
KEY HIGHLIGHTS
  • आसाराम को मिली अंतरिम बेल
  • राजस्थान हाईकोर्ट से मिली अंतरिम बेल
  • रेप केस में आसाराम को हुई है सजा

रेप केस में सजा काट रहे आसाराम को राजस्थान हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। आसाराम को राजस्थान हाईकोर्ट से अंतरिम जमानत मिल गई है। राजस्थान उच्च न्यायालय ने 2013 के बलात्कार मामले में आजीवन कारावास की सजा काट रहे स्वयंभू संत आसाराम को मंगलवार को 31 मार्च तक अंतरिम जमानत दे दी। निचली अदालत ने आसाराम को 2013 में जोधपुर स्थित उसके आश्रम में नाबालिग से बलात्कार के आरोप में अप्रैल 2018 में आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी।

एक और रेप केस में सुप्रीम कोर्ट से मिली थी राहत

एक सप्ताह पहले उच्चतम न्यायालय ने बलात्कार के एक अन्य मामले में आसाराम को 31 मार्च तक जमानत दी थी और कहा था कि वह कई बीमारियों से ग्रस्त है और उसे उपचार की आवश्यकता है। शीर्ष अदालत द्वारा चिकित्सा आधार पर राहत दिए जाने के तुरंत बाद आसाराम के वकीलों ने उच्च न्यायालय में सजा निलंबित करने के लिए याचिका दायर की।

किस आधार पर मिली अंतरिम जमानत

न्यायमूर्ति दिनेश मेहता और न्यायमूर्ति विनीत कुमार माथुर की खंडपीठ ने आसाराम को अंतरिम जमानत प्रदान की, क्योंकि याचिका की प्रकृति सर्वोच्च न्यायालय में दायर याचिका के समान थी। आसाराम के वकील निशांत बोरा ने कहा, ‘‘हमने दलील दी कि याचिका की प्रकृति उच्चतम न्यायालय में दायर याचिका के समान है और इस मामले में भी आधार वैध हैं।’’

जोधपुर से बाहर जाने पर शर्त

उन्होंने कहा कि एक शर्त को छोड़कर आसाराम की अंतरिम जमानत की शर्तें वही हैं जो सात जनवरी को उच्चतम न्यायालय ने तय की थीं। बोरा ने कहा, ‘‘अगर आसाराम (जोधपुर से) बाहर जाना चाहता है, तो उसे तीन कांस्टेबल का खर्च उठाना होगा, जो कि उसके साथ मौजूद रहेंगे।’’

Shishupal Kumar
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

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