क्राइम

पुणे कार हादसा: नाबालिग आरोपी के पिता और दादा पर कसा शिकंजा, 31 मई तक पुलिस हिरासत में भेजे गए

आरोपी के दादा सुरेंद्र कुमार अग्रवाल के साथ-साथ उनके बेटे विशाल अग्रवाल पर भी पारिवारिक ड्राइवर गंगाधर की शिकायत पर आईपीसी की धारा 342,365, 368, 506 और 34 के तहत मामला दर्ज किया गया था।

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पुणे कार हादसा

Pune Porsche Accident: पुणे पोर्श कार हादसे में अदालत ने नाबालिग आरोपी के पिता और दादा की मुसीबतें और बढ़ गई हैं। अदालत ने दोनों को 31 मई तक पुलिस हिरासत में भेज दिया है। नाबालिग को हिरासत में लेने के बाद उसके पिता और दादा को भी गिरफ्तार किया गया था। इस बीच कई खुलासे हुए जिसमें सबसे बड़ा खुलासा यह था कि दो डॉक्टरों ने आरोपी के ब्लड सैंपल ही बदल दिए थे। आरोपी के रक्त में शराब के नमूने थे, लेकिन डॉक्टरों ने उसे बचाने के लिए सैंपल ही बदल दिया। इनके साथ 3 लाख रुपये में सौदा हुआ था। दोनों डॉक्टरों को गिरफ्तार कर लिया गया है। इस मामले में दो पुलिस अफसरों पर भी गाज गिरी है।

दो इंजीनियरों को कुचलकर मारा

पुणे पुलिस की अपराध शाखा इकाई ने दो मोटरसाइकिल सवार लोगों को कुचलने के आरोपी नाबालिग के दादा को 25 मई को गिरफ्तार कर लिया था। पुणे शहर के पुलिस आयुक्त अमितेश कुमार ने कहा कि उनके खिलाफ आईपीसी की धारा 365 और 368 के तहत एक अलग प्राथमिकी दर्ज की गई। पुणे सिटी पुलिस ने गुरुवार को 17 वर्षीय नाबालिग के दादा से पुणे के कयानी नगर में रविवार की सुबह हुई घटना के संबंध में पूछताछ की थी। आरोपी किशोर नशे की हालत में एक लग्जरी कार चला रहा था और उसने अनीश अवधिया और अश्विनी कोष्टा नाम के आईटी पेशेवरों की बाइक को टक्कर मार दी थी जिसमें दोनों की मौत हो गई।

आरोपी के दादा पर कई धाराओं में मामला दर्ज

आरोपी के दादा सुरेंद्र कुमार अग्रवाल के साथ-साथ उनके बेटे विशाल अग्रवाल पर भी पारिवारिक ड्राइवर गंगाधर की शिकायत पर आईपीसी की धारा 342,365, 368, 506 और 34 के तहत मामला दर्ज किया गया था। ड्राइवर गंगाधर ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि 19 मई की रात को जब गंगाधर येरवडा पुलिस स्टेशन से निकल रहे थे, तो उनकी मर्जी के खिलाफ उन्हें सुरेंद्र अग्रवाल के घर ले जाया गया। सुरेंद्र और उसके बेटे विशाल ने कथित तौर पर गंगाधर को धमकाया, उसका फोन छीन लिया और उसे अपने बंगले में जबरन बंद करके रखा, ताकि वह अपने नाबालिग पोते की जगह अपराध की जिम्मेदारी ले सके। आरोपी को किशोर न्याय बोर्ड के आदेश पर निरीक्षण गृह में रखा गया है। उसे पहले इस मामले में जमानत दी गई थी, लेकिन बाद में हंगामा मचने के बाद उसे 5 जून तक 14 दिनों के लिए निरीक्षण गृह भेज दिया गया। इससे पहले आरोपी किशोर के पिता विशाल अग्रवाल को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में दिए जाने के बाद यरवदा केंद्रीय कारागार में रखा गया था।

Amit Mandal
अमित कुमार मंडलauthor

अमित मंडल टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में न्यूज डेस्क पर Assistant Editor के रूप में काम कर रहे हैं। प्रिंट, टीवी और डिजिटल—तीनों माध्यमों में कुल मिलाकर 15 सालों से अधिक का अनुभव उन्हें खबरों को देखने की व्यापक दृष्टि देता है। ब्रेकिंग न्यूज, लाइव ब्लॉग, स्पेशल स्टोरीज और एक्सप्लेनेर फॉर्मेट पर उनकी मजबूत पकड़ है। एंगल चुनने की कला, खबरों की गति को समझना और समय पर सही जानकारी पहुंचाना—ये उनकी सबसे बड़ी खूबियां हैं। अमित अपने करियर में करीब 20 हजार से अधिक न्यूज आर्टिकल, एनालिसिस और एक्सप्लेनर पब्लिश कर चुके हैं।

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