Noida Cyber Fraud: हाई-टेक शहर नोएडा में साइबर अपराधियों के हौसले कम होने का नाम नहीं ले रहे हैं। ताजा मामला नोएडा के सेक्टर-21 स्थित जलवायु विहार से सामने आया है, जहां 73 वर्षीय रिटायर्ड वायु सेना अधिकारी सुनील कुमार आनंद के साथ ऑनलाइन निवेश के नाम पर 2.23 करोड़ रुपये से अधिक की साइबर ठगी की गई है। पीड़ित की शिकायत के आधार पर नोएडा साइबर क्राइम थाने में अज्ञात साइबर अपराधियों के खिलाफ FIR दर्ज कर ली गई है।
व्हाट्सएप मैसेज से शुरू हुआ ठगी का जाल
पीड़ित बुजुर्ग के अनुसार, 10 जून 2026 को उन्हें व्हाट्सएप पर प्रसिद्ध ब्रोकरेज फर्म Upstox के नाम से ट्रेडिंग अकाउंट खोलने का फॉर्म भेजा गया। इसके बाद खुद को कंपनी का प्रतिनिधि बताने वाले साइबर जालसाजों ने उनका ऑनलाइन KYC कराया। ठगों ने उन्हें झांसा देकर 'UP.Xpro' नाम का एक फर्जी ट्रेडिंग ऐप डाउनलोड करवाया और शेयर बाजार में निवेश पर हर दिन भारी मुनाफा कमाने का लालच दिया।
6 करोड़ का झूठा मुनाफा दिखाकर ऐंठे 2.23 करोड़
शुरुआत में जालसाजों ने फर्जी ऐप के डैशबोर्ड पर भारी मुनाफा दिखाकर बुजुर्ग का विश्वास जीत लिया। इसके बाद अलग-अलग बैंक खातों में उनसे कई किस्तों में पैसे ट्रांसफर करवाए गए। पीड़ित ने 15 जून से 21 जुलाई 2026 के बीच कुल 2,23,51,136 रुपये फर्जी बैंक खातों में जमा करा दिए। जब ऐप पर पीड़ित का कुल निवेश और मुनाफा 6 करोड़ रुपये से अधिक दिखने लगा, तो उन्होंने 1.85 करोड़ रुपये निकालने का प्रयास किया। इस पर ठगों ने पहले 62.51 लाख रुपये 'सर्विस फीस' के रूप में मांगे। फिर 37 लाख रुपये 'कैपिटल गेन टैक्स' के नाम पर जमा कराने को कहा। बार-बार पैसे मांगे जाने पर पीड़ित को ठगी का शक हुआ। इसके बाद जब वे मुंबई स्थित Upstox के मुख्य कार्यालय पहुंचे, तो वहां अधिकारियों ने बताया कि यह ऐप फर्जी है और उनके साथ साइबर फ्रॉड हुआ है।
पुलिस जांच और साइबर सेल की चेतावनी
मामले की गंभीरता को देखते हुए नोएडा की साइबर क्राइम थाना पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। पुलिस उन सभी बैंक खातों, व्हाट्सएप नंबरों और आईपी एड्रेस की गहनता से जांच कर रही है, जिनका इस्तेमाल ठगी की इस वारदात में किया गया था। पुलिस प्रशासन ने एक बार फिर नागरिकों को आगाह किया है कि वे सोशल मीडिया पर मिलने वाले अज्ञात निवेश लिंक, अनधिकृत ट्रेडिंग ऐप और ज्यादा मुनाफे के झांसे से बचें।
