शहर

Noida : जारी रहेगी सफाई कर्मियों की हड़ताल, नेताओं की रिहाई को लेकर प्राधिकरण पर प्रदर्शन

यूनियन नेताओं की रिहाई की मांग को लेकर सफाई कर्मचारियों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है, जो अब खुले विरोध के रूप में सामने आ गया है। मंगलवार की सुबह से ही सफाई कर्मी समूहों में प्राधिकरण कार्यालय के बाहर जुटने लगे।

Image

नोएडा में सफाईकर्मियों की हड़ताल (फोटो-ट्विटर)

नोएडा : शहर में सफाई व्यवस्था को लेकर चल रहा विवाद अब गहराता जा रहा है। मंगलवार को बड़ी संख्या में सफाई कर्मियों ने नोएडा प्राधिकरण कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया और अपने गिरफ्तार यूनियन नेताओं की रिहाई की मांग को लेकर नारेबाजी की। कर्मचारियों ने साफ चेतावनी दी है कि जब तक उनके साथियों को रिहा नहीं किया जाता और उनके खिलाफ दर्ज मुकदमे वापस नहीं लिए जाते, तब तक वे काम पर वापस नहीं लौटेंगे। दरअसल, सोमवार को नोएडा स्टेडियम में अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे सफाई कर्मियों पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए छह यूनियन नेताओं समेत आठ लोगों को हिरासत में लिया था। बाद में सभी को जेल भेज दिया गया।

इस कार्रवाई के बाद से ही सफाई कर्मचारियों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है, जो अब खुले विरोध के रूप में सामने आ गया है। मंगलवार की सुबह से ही सफाई कर्मी समूहों में प्राधिकरण कार्यालय के बाहर जुटने लगे। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि उनके नेताओं को गलत तरीके से गिरफ्तार किया गया है और यह कार्रवाई कर्मचारियों की आवाज को दबाने के उद्देश्य से की गई है।

एकजुट होकर आंदोलन

उन्होंने कहा कि वे अपने अधिकारों और सम्मान की रक्षा के लिए एकजुट होकर आंदोलन कर रहे हैं और किसी भी दबाव में झुकने वाले नहीं हैं। प्रदर्शन के चलते प्रशासन भी पूरी तरह सतर्क नजर आया। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए प्राधिकरण कार्यालय के बाहर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। पुलिस अधिकारी मौके पर मौजूद रहकर प्रदर्शनकारियों से लगातार बातचीत कर स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास कर रहे हैं।

वहीं दूसरी ओर, प्राधिकरण के अधिकारी भी मामले को सुलझाने में जुटे हुए हैं। ओएसडी और जीएम स्तर के अधिकारी सफाई कर्मियों के प्रतिनिधियों से बातचीत कर रहे हैं, ताकि गतिरोध को खत्म किया जा सके और शहर की सफाई व्यवस्था प्रभावित न हो। हालांकि, अब तक कोई ठोस समाधान निकलता नजर नहीं आ रहा है। सफाई कर्मियों का कहना है कि यदि उनकी मांगों को जल्द नहीं माना गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। ऐसे में आने वाले दिनों में यह विवाद और बढ़ सकता है, जिसका असर शहर की साफ-सफाई व्यवस्था पर भी साफ तौर पर देखने को मिल सकता है।

Pushpendra kumar
पुष्पेंद्र कुमारauthor

पुष्पेंद्र कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में चीफ कॉपी एडिटर के रूप में सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से वे पिछले 7 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में जुड़े हैं। इस दौरान उन्होंने 10,000 से अधिक खबरें लिखी हैं। पुष्पेंद्र हाइपर-लोकल मुद्दों, रेलवे, रोड, इंफ्रास्ट्रक्चर, डेवलपमेंट, कृषि और मौसम से जुड़ी खबरों पर गहरी पकड़ रखते हैं। शहर से लेकर गांव-देहात तक की संवेदनशीलताओं को समझते हुए वे लोकल खबरों को ऐसा रूप देते हैं जो न केवल तथ्यपूर्ण होता है, बल्कि पाठकों से भावनात्मक रूप से भी जुड़ता है।

और पढ़ें
End of Article
Subscribe to our daily Newsletter!

संबंधित खबरें