कोलकाता : दार्जिलिंग जिले के सिटोंग में बारबेक्यू के दौरान नवविवाहिता के गंभीर रूप से झुलसने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए चार लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में सिटोंग होमस्टे के मालिक नेहाल अज़रान, पार्टनर पवन कुमार अग्रवाल और दो कर्मचारी दिपेन लामा तथा नासिर उद्दीन शामिल हैं।
मामला 13 सितंबर का है, जब उत्तर दिनाजपुर के रहने वाले नवविवाहित दंपति हनीमून मनाने दार्जिलिंग ज़िले के सिटोंग पहुंचे थे। ऑनलाइन बुक किए गए होमस्टे में शाम के समय बारबेक्यू के दौरान अचानक आग भड़क गई और नवविवाहिता निकिता साहा इसकी चपेट में आ गईं। घटना में उन्हें गंभीर रूप से झुलसने के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया। रिपोर्टों के मुताबिक उनके शरीर का करीब 60 फीसदी हिस्सा झुलसा है और उनकी हालत गंभीर बनी हुई है।
घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है। फुटेज में बारबेक्यू के पास बैठे दंपति के सामने एक व्यक्ति जिसकी पहचान होमस्टे के कर्मी के तौर पर हुई हैं, आग पर किसी तरल पदार्थ को डालता दिखाई देता है। इसके कुछ ही सेकंड बाद आग अचानक तेज लपटों में बदल जाती है और निकिता उसकी चपेट में आ जाती हैं। उनके पति सौविक दास उन्हें बचाने के लिए दौड़ते हैं और इस दौरान उनके हाथ में भी चोट आई।
सौविक ने कर्सियांग पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराते हुए होमस्टे प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया था। शिकायत में उन्होंने दावा किया कि आग लगने के बाद मौके पर पर्याप्त फायर सेफ्टी और तत्काल चिकित्सा सहायता की व्यवस्था नहीं थी। हालांकि, होमस्टे प्रबंधन ने तत्काल मदद में देरी के आरोपों से इनकार किया है। पुलिस ने घटना की परिस्थितियों और सुरक्षा इंतजामों की जांच शुरू की है।
अब चार गिरफ्तारियों के बाद पुलिस यह जांच कर रही है कि बारबेक्यू के दौरान इस्तेमाल किए गए तरल पदार्थ की प्रकृति क्या थी और हादसे के लिए किसकी जिम्मेदारी तय होती है।
