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गुरुग्राम में इनकम टैक्स की निर्माणाधीन बिल्डिंग से गिरकर युवक की मौत; ऐसे हुआ हादसा

गुरुग्राम स्थित इनकम टैक्स की निर्माणाधीन बिल्डिंग से गिरकर बिहार के कटिहार निवासी अकबर आलम की मौत हो गई। ​इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर निर्माण स्थलों पर श्रमिकों और कर्मचारियों की सुरक्षा को लेकर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।

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(सांकेतिक फोटो-Istock)

गुरुग्राम : साइबर सिटी गुरुग्राम के सेक्टर-53 इलाके से एक बेहद दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है। यहां आयकर विभाग (इनकम टैक्स) की एक निर्माणाधीन इमारत में काम करने वाले एक व्यक्ति की 12वीं मंजिल से गिरकर मौत हो गई। इस हादसे के बाद से निर्माण स्थल पर हड़कंप मच गया और परिजनों में कोहराम मचा हुआ है।

बिहार के कटिहार का रहने वाला था शख्स

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मृतक व्यक्ति की पहचान 30 वर्षीय अकबर आलम के रूप में हुई है, जो मूल रूप से कटिहार, बिहार का रहने वाला था। अकबर इस निर्माणाधीन बिल्डिंग में फोरमैन का काम कर रहा था और काम की देखरेख भी करता था। रोज की तरह वह वारदात के वक्त भी 12वीं मंजिल पर अपने काम में व्यस्त था, तभी अचानक उसका संतुलन बिगड़ गया और वह इतनी ऊंचाई से सीधे नीचे आ गिरा। ऊंचाई से गिरने के कारण उसे गंभीर चोटें आईं और मौके पर ही उसकी मौत हो गई।

हादसे के तुरंत बाद मृतक के परिजनों और साथी कर्मचारियों ने इस बात की सूचना स्थानीय गुरुग्राम पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस की एक टीम तुरंत मौके पर पहुंची और घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर नागरिक अस्पताल के शवगृह में रखवाया। इसके बाद पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवाकर उसे अंतिम संस्कार के लिए शोकाकुल परिजनों को सौंप दिया है।

इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर निर्माण स्थलों पर श्रमिकों और कर्मचारियों की सुरक्षा को लेकर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस अब इस मामले की बारीकी से जांच कर रही है कि क्या कार्यस्थल पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम (जैसे सेफ्टी नेट या बेल्ट) थे या नहीं। फिलहाल पुलिस परिजनों के बयानों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई में जुट गई है।

Pushpendra kumar
पुष्पेंद्र कुमारauthor

पुष्पेंद्र कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में चीफ कॉपी एडिटर के रूप में सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से वे पिछले 7 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में जुड़े हैं। इस दौरान उन्होंने 10,000 से अधिक खबरें लिखी हैं। पुष्पेंद्र हाइपर-लोकल मुद्दों, रेलवे, रोड, इंफ्रास्ट्रक्चर, डेवलपमेंट, कृषि और मौसम से जुड़ी खबरों पर गहरी पकड़ रखते हैं। शहर से लेकर गांव-देहात तक की संवेदनशीलताओं को समझते हुए वे लोकल खबरों को ऐसा रूप देते हैं जो न केवल तथ्यपूर्ण होता है, बल्कि पाठकों से भावनात्मक रूप से भी जुड़ता है।

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