दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने गुरुवार को 'सोमनाथ स्वाभिमान पर्व' के तहत दिल्ली से सोमनाथ के लिए विशेष श्रद्धा यात्रा ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु और भाजपा नेता मौजूद रहे। यात्रा के तहत करीब 1300 से अधिक श्रद्धालु भगवान सोमनाथ के दर्शन के लिए गुजरात रवाना हुए हैं।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि सोमनाथ मंदिर भारतीय आस्था, संस्कृति और स्वाभिमान का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि मंदिर के 1000 वर्ष पूरे होने के अवसर पर यह विशेष यात्रा आयोजित की गई है, ताकि लोग अपनी सांस्कृतिक जड़ों और धार्मिक विरासत से जुड़े रहें। उन्होंने कहा कि नई पीढ़ी को देश के प्रमुख धार्मिक स्थलों से परिचित कराना बेहद जरूरी है।
महमूद गजनवी के आक्रमण के 1000 वर्ष पूरे
इस मौके पर केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि सोमनाथ पर महमूद गजनवी के आक्रमण के 1000 वर्ष पूरे होने के अवसर पर देशभर में “सोमनाथ स्वाभिमान यात्रा” का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह केवल धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक चेतना और राष्ट्रीय स्वाभिमान को मजबूत करने का अभियान है।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व का उल्लेख करते हुए कहा कि देश की सांस्कृतिक विरासत को जन-जन तक पहुंचाने का जो अभियान चल रहा है, यह यात्रा उसी का विस्तार है।
जानकारी के मुताबिक, विशेष ट्रेन शुक्रवार सुबह सोमनाथ पहुंचेगी। श्रद्धालु 1 से 3 मई तक भगवान शिव के ज्योतिर्लिंग के दर्शन करेंगे और आसपास के प्रमुख मंदिरों में भी पूजा-अर्चना करेंगे। यात्रियों के ठहरने, भोजन, पेयजल और अन्य सुविधाओं की व्यवस्था गुजरात सरकार के सहयोग से की गई है। आयोजन में रेल मंत्रालय, संस्कृति मंत्रालय और गुजरात सरकार की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही।
दरअसल, 1026 ईस्वी में महमूद गजनवी ने सोमनाथ मंदिर को नष्ट कर दिया था, जिसके 1000 साल बाद यह पर्व भारत के सांस्कृतिक पुनरुत्थान को दर्शाता है। वर्तमान भव्य मंदिर को 1951 में पुनर्निर्माण किया गया।
