Delhi Power Cut Schedule 1 May, 2026: मई का महीना मतलब गर्मी का प्रचंड प्रहार। वैसे भी इन दिनों दिल्ली में प्रचंड गर्मी पड़ ही रही है। पिछले दो दिनों से पश्चिमी विक्षोभ के चलते जरूर आंधी और बारिश के कारण गर्मी से जरूर कुछ राहत मिली है। लेकिन तापमान में बहुत बड़ा बदलाव अब भी नहीं आया है। प्रचंड गर्मी के बीच बिजली भी चली जाए तो फिर न एसी चलेगा और न ही कूलर पंखा। ऐसे में दिल्ली की गर्मी झेलना और भी मुश्किल हो जाता है। कल यानी शुक्रवार 1 मई को दिल्ली के कई इलाकों में घंटों तक बिजली नहीं रहेगी। बिजली की कटौती (Power Cut) के चलते आपको दिक्कत हो सकती है। इसलिए समय अभी नोट कर लें और सभी जरूरी इंतजाम भी करके रख लें।
दिल्ली की बिजली वितरण कंपनियों BSES और Tata Power DDL ने शुक्रवार 1 मई को बिजली कटौती का पूरा शेड्यूल जारी किया है। बिजली वितरण कंपनियों के अनुसार यह कटौती रखरखाव और नेटवर्क अपग्रेडेशन के कारण की जा रही है। प्रभावित इलाकों में मोहन गार्डन, साकेत और बावाना जैसे इलाके शामिल हैं।
मोहन गार्डन क्षेत्र में दो घंटे की बिजली कटौती
जानकारी के मुताबिक, मोहन गार्डन क्षेत्र में सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक बिजली कटौती रहेगी। यहां फेज-2 ओम विहार नवादा इलाके में एलटी सर्किट नेटवर्क अपग्रेडेशन का कार्य किया जाएगा। इस दौरान स्थानीय निवासियों को दो घंटे तक बिजली कटौती का सामना करना पड़ेगा।
दक्षिण दिल्ली के साकेत इलाके में सुबह 10 बजे से 10:15 बजे तक 15 मिनट के लिए बिजली की कटौती की जाएगी। यहां आरएमयू (RMU) मेंटेनेंस का काम किया जाएगा, जिससे फेज-2 ओम विहार नवादा क्षेत्र प्रभावित रहेगा।
| DIVISION | TIME(HRS) | REASON | AREA |
| MOHAN GARDEN | 11:00-13:00 | LT CIRCUIT-NETWORK UPGRADATION | PHASE 2 OM VIHAR NAWADA, |
| SAKET | 10:00-10:15 | RMU-MAINTENANCE | PHASE 2 OM VIHAR NAWADA, |
| BAWANA | 11:00-15:00 | PREVENTIVE MAINTENANCE | PART OF SEC 5 DSIIDC BAWANA |
यहां चार घंटे तक नहीं आएगी बिजली
यही नहीं टाटा पावर-डीडीएल (TATA Power DDL) द्वारा बावाना क्षेत्र में भी 1 मई को चार घंटे की बिजली कटौती की योजना बनाई गई है। यह कटौती सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक चलेगी। इस दौरान सेक्टर-5 डीएसआईआईडीसी बावाना के कुछ हिस्सों में बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। कंपनी के अनुसार यह कार्य प्रिवेंटिव मेंटेनेंस के तहत किया जा रहा है।
बिजली कंपनियों का कहना है कि इन कार्यों का मकसद बिजली नेटवर्क को मजबूत बनाना और भविष्य में किसी भी तरह की अनियोजित बिजली कटौती से बचाव करना है। हालांकि, इस दौरान लोगों को अस्थायी असुविधा हो सकती है।
