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खुद को बताता था IGI एयरपोर्ट का स्टाफ, निकला मॉल का गार्ड; नौकरी का झांसा देकर लगाया 3 लाख का चूना

दिल्ली पुलिस ने इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर फर्जी कर्मचारी बनकर महिला से 3 लाख रुपये से अधिक की ठगी करने वाले 32 वर्षीय आरोपी राजीव कुमार को गिरफ्तार किया है।

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दिल्ली पुलिस ने आरोपी को दबोचा (सांकेतिक चित्र)

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले एक शातिर जालसाज को दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी खुद को इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय (IGI) हवाई अड्डे का कर्मचारी बताकर लोगों को झांसे में लेता था। आरोपी ने एक महिला से उसके 20 साल के बेटे को एयरपोर्ट पर 'केबिन क्रू' की नौकरी दिलाने का वादा कर 3 लाख रुपये से अधिक ऐंठ लिए। पुलिस ने आरोपी की पहचान 32 वर्षीय राजीव कुमार के रूप में की है, जो असल में ईस्ट दिल्ली के मधु विहार स्थित एक रिटेल स्टोर में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करता है।

सोशल मीडिया पर हुई थी मुलाकात, ठगे 3 लाख

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पीड़ित महिला की आरोपी राजीव कुमार से जुलाई 2024 में सोशल मीडिया के माध्यम से बातचीत शुरू हुई थी। आरोपी ने खुद को आईजीआई एयरपोर्ट का बड़ा कर्मचारी बताकर महिला का विश्वास जीता। राजीव ने महिला के बेटे की भर्ती औपचारिकताएं, सिक्योरिटी डिपॉजिट, और डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के नाम पर किस्तों में पैसे मांगने शुरू कर दिए। महिला ने 17 सितंबर से 26 दिसंबर 2024 के बीच 16 अलग-अलग UPI ट्रांजैक्शन के जरिए कुल 3,03,000 रुपये आरोपी के खाते में ट्रांसफर कर दिए।

रकम वसूलने के बाद जब काफी समय बीत जाने पर भी नौकरी नहीं मिली, तो महिला ने दबाव बनाना शुरू किया। इस पर आरोपी ने महिला का फोन उठाना बंद कर दिया और उसे सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर ब्लॉक कर दिया।

टेक्निकल सर्विलांस से ट्रैकिंग, पुलिस ने ऐसे दबोचा

ठगी का अहसास होने पर महिला ने दिल्ली पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तकनीकी विश्लेषण, बैंक खातों की जांच और फील्ड वेरिफिकेशन के आधार पर आरोपी को ट्रैक किया। पुलिस की कार्रवाई पुलिस टीम ने 6 अगस्त को आरोपी राजीव कुमार को मधु विहार इलाके से गिरफ्तार कर लिया।

सबूत मिटाने के लिए सिम कार्ड तोड़ा

जांच अधिकारी ने बताया कि आरोपी काफी शातिर है। पुलिस से बचने के लिए उसने महिला से हुई पूरी चैट डिलीट कर दी थी और अपराध में इस्तेमाल किए गए सिम कार्ड को तोड़कर फेंक दिया था। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से फर्जीवाड़े में इस्तेमाल किया गया मोबाइल फोन और ठगी की रकम से जुड़े बैंक दस्तावेज बरामद कर लिए हैं।

Nishant Tiwari
निशांत तिवारीauthor

निशांत तिवारी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी टीम में कॉपी एडिटर हैं। शहरों से जुड़ी खबरों, स्थानीय मुद्दों और नागरिक सरोकार को समझने की उनकी गहरी दृष्टि उन्हें इस बीट का एक भरोसेमंद और प्रभावी कंटेंट राइटर बनाती है। वे जटिल लोकल इश्यूज को सहज, स्पष्ट और असरदार अंदाज में पेश करने में दक्ष हैं और अबतक 2,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट लिख चुके हैं। उनकी लेखन शैली शहर की नब्ज पकड़ते हुए ऐसे कंटेंट पर केंद्रित रहती है, जो सीधे पाठकों के जीवन और उनकी रोजमर्रा की चिंताओं से जुड़ा होता है।

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