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प्रमुख बुनियादी उद्योगों की वृद्धि दर अगस्त में 12.1 प्रतिशत, 14 महीने के टॉप पर

Core Sector Data: अगस्त के महीने में देश का कोयला उत्पादन 17.9 प्रतिशत बढ़ गया जबकि एक साल पहले की समान अवधि में यह 7.7 प्रतिशत था।रिफाइनरी उत्पादों के उत्पादन में वृद्धि दर बढ़कर 9.5 प्रतिशत हो गई जबकि अगस्त 2022 में यह सात प्रतिशत थी। कच्चे तेल का उत्पादन भी बढ़कर 2.1 प्रतिशत हो गया।

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कोर सेक्टर डाटा

Core Sector Data:देश के आठ प्रमुख बुनियादी उद्योगों की वृद्धि दर अगस्त महीने में 14 महीनों के उच्च स्तर 12.1 प्रतिशत पर पहुंच गई जबकि एक साल पहले इसी महीने में यह 4.2 प्रतिशत थी।शुक्रवार को जारी आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, कोयला, कच्चा तेल और प्राकृतिक गैस का उत्पादन बढ़ने से बुनियादी उद्योगों में यह तेजी दर्ज की गई। आंकड़ों से पता चलता है कि अगस्त में रिफाइनरी उत्पादों, इस्पात, सीमेंट और बिजली क्षेत्र का उत्पादन भी बढ़ा।वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के आंकड़े बताते हैं कि यह पिछले 14 महीनों की सबसे तेज वृद्धि है। इसके पहले जून, 2022 में बुनियादी उद्योग 13.2 प्रतिशत की दर से बढ़े थे।जुलाई, 2023 में इन प्रमुख क्षेत्रों की वृद्धि दर 8.4 प्रतिशत रही थी।

गैस और स्टील की डिमांड बढ़ी

हालांकि आठ क्षेत्रों की उत्पादन वृद्धि चालू वित्त वर्ष के पहले पांच महीनों (अप्रैल- अगस्त) में 7.7 प्रतिशत रही जबकि साल भर पहले की समान अवधि में यह 10 प्रतिशत थी।देश के औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (आईआईपी) में इन आठ बुनियादी उद्योगों की हिस्सेदारी 40.27 प्रतिशत है।अगस्त में इस्पात उत्पादन पिछले साल के समान महीने के 5.8 प्रतिशत के मुकाबले 10.9 प्रतिशत बढ़ गया।समीक्षाधीन माह में प्राकृतिक गैस का उत्पादन 10 प्रतिशत बढ़ गया जबकि साल भर पहले इसमें 0.9 प्रतिशत की गिरावट आई थी।

क्या कहते हैं अर्थशास्त्री

अगस्त के महीने में देश का कोयला उत्पादन 17.9 प्रतिशत बढ़ गया जबकि एक साल पहले की समान अवधि में यह 7.7 प्रतिशत था।रिफाइनरी उत्पादों के उत्पादन में वृद्धि दर बढ़कर 9.5 प्रतिशत हो गई जबकि अगस्त 2022 में यह सात प्रतिशत थी। कच्चे तेल का उत्पादन भी बढ़कर 2.1 प्रतिशत हो गया।अगस्त महीने में सीमेंट और बिजली क्षेत्र का उत्पादन क्रमशः 18.9 प्रतिशत और 14.9 प्रतिशत बढ़ा। हालांकि उर्वरक उत्पादन की वृद्धि दर धीमी होकर 1.8 प्रतिशत रह गई, जो पिछले साल इसी महीने में 11.9 प्रतिशत थी।इक्रा लिमिटेड की मुख्य अर्थशास्त्री अदिति नायर ने कहा कि कमजोर मानसून ने अगस्त में मुख्य उद्योग क्षेत्रों की वृद्धि दर को तेज करने में मदद की।उन्होंने कहा कि बुनियादी उद्योगों की मजबूत वृद्धि के साथ वाहन उत्पादन, जीएसटी ई-वे बिल और रेलवे ढुलाई जैसे प्रमुख संकेतकों को देखते हुए अगस्त में औद्योगिक उत्पादन सूचकांक 9-11 प्रतिशत बढ़ने का अनुमान है।

TNN Business Desk
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