Coarse Grains Procurement: किसानों की तरक्की के लिए केंद्र और राज्य सरकारें लगातार कोशिश कर रही हैं और लोगों के सेहत का भी ध्यान रख रही है। इसके लिए किसानों को मोटे अनाज की खेती के लिए प्रोत्साहित भी कर रही है। मोटे अनाज को मिलेट्स या श्रीअन्न भी कहते हैं। किसानों को किसी भी तरह का नुकसान न हो इसके लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने मोटे अनाज को न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीदने का फैसला किया है। वर्ष 2024-25 के लिए मोटे अनाजों की खरीद 1 अक्टूबर 2024 से शुरू होगी। मोटे अनाज में शामिल मक्का, बाजरा और ज्वार की खरीद के लिए किसानों का रिजस्ट्रेशन और रिन्यु्अल चल रहा है। आइए जानते हैं इसके लिए रजिस्ट्रेशन कैसे करें।
- खाद्य व रसद विभाग के मुताबिक मोटे अनाज की बिक्री के लिए किसानों को fcs.up.gov.in पर रजिस्ट्रेशन कराना होगा।
- या UP KISAN MITRA ऐप पर रजिस्ट्रेशन या नवीनीकरण कराना होगा। क्योंकि खरीद रजिस्टर्ड किसानों से ही की जाएगी।
- इसके अलावा जिला खाद्य विपणन अधिकारी, क्षेत्रीय विपणन अधिकारी, विपणन निरीक्षक से भी संपर्क साध सकते हैं।
- किसानों को जिस बैंक खाते में भुगतान होगा, उसका आधार से जुड़ा होना जरूरी है क्योंकि भुगतान सीधे किसानों के बैंक खाते में किया जाएगा।
- इलेक्ट्रॉनिक प्वॉइंट ऑफ परचेज डिवाइस के जरिये से पहले की तरह किसानों की पहचान बायोमीट्रिक सत्यापन के जरिए ही होगी।
- किसान अपनी किसी भी समस्या के लिए पूर्व में जारी टोल फ्री नंबर 18001800150 से मदद ले सकते हैं।
मोटे अनाज का न्यूनतम समर्थन मूल्य
मक्का का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2225 रुपये प्रति कुंटल है। बाजरा का 2625 रुपये प्रति कुंटल है। ज्वार (हाइब्रिड) का 3371 और ज्वार (मालवांडी) का 3421 रुपये प्रति कुंटल तय किया गया है।
