US Iran War: होर्मुज खोलने के लिए दी गई अमेरिकी राष्ट्रपति की समयसीमा आज रात आठ बजे खत्म हो जाएगी। इससे पहले ट्रंप ने एक ऐसी धमकी दी है, जिससे पूरी दुनिया सकते में आ गई है। ट्रंप ने कहा है कि आज रात एक पूरी सभ्यता का विनाश हो जाएगा। हालांकि उन्होंने ये भी कहा कि मैं नहीं चाहता ऐसा हो, लेकिन शायद ऐसा ही हो जाए।
ट्रंप की नई धमकी से महाविनाश के संकेत
ट्रंप ने कहा कि आज रात एक पूरी सभ्यता खत्म हो सकती है,जो फिर कभी वापस नहीं आ पाएगी। मैं नहीं चाहता कि ऐसा हो,लेकिन शायद ऐसा हो ही जाए। हालांकि,अब जब हमारे पास पूर्ण और व्यापक नेतृत्व परिवर्तन हो चुका है,जहां अधिक समझदार और कम कट्टरपंथी सोच वाले लोग आगे आएं,तो शायद कुछ क्रांतिकारी और अद्भुत हो सकता है, कौन जानता है?
'यह इतिहास के सबसे अहम पलों में से एक'
उन्होंने कहा कि आज रात हम जानेंगे कि यह दुनिया के लंबे और जटिल इतिहास के सबसे महत्वपूर्ण क्षणों में से एक हो सकता है। आज रात 47 वर्षों का जबरन वसूली, भ्रष्टाचार और मौत का दौर आखिरकार खत्म होगा। ईरान के महान लोगों पर ईश्वर की कृपा बनी रहे!
कल भी ट्रंप ने दे दिया था संकेत
इससे पहले, अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने सोमवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में धमकी देते हुए कहा था कि ईरान को एक ही रात में खत्म किया जा सकता है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ईरान तय समय से पहले अमेरिका से समझौता नहीं करता, तो कार्रवाई कभी भी हो सकती है और यह मंगलवार रात भी हो सकती है। उन्होंने मंगलवार रात 8 बजे (वाशिंगटन समय और भारत में बुधवार सुबह 5:30 बजे )तक की डेडलाइन तय की है।
खर्ग पर हमले से जता दी है मंशा
ट्रंप की डेडलाइन खत्म होने से पहले ही अमेरिकी सेना ने ईरान के सबसे महत्वपूर्ण खर्ग आईलैंड को निशाना बनाया है। बता दें कि खर्ग द्वीप ईरान का छोटा लेकिन बेहद महत्वपूर्ण द्वीप है जहां से लगभग 90% तेल निर्यात होता है। फारस की खाड़ी में स्थित यह द्वीप देश की oil lifeline माना जाता है। यहां बड़े ऑयल टर्मिनल और स्टोरेज सुविधाएं हैं जहां से सुपर टैंकर सीधे तेल लेकर जाते हैं। कड़ी सुरक्षा के कारण इसे forbidden island भी कहा जाता है।
अमेरिका ने पार की रेडलाइन तो...., आईआरजीसी ने भी दी धमकी
वहीं, अमेरिका की धमकी को लेकर रिवोल्यूशनरी गार्ड ने भी अपने मंसूबे साफ कर दिया है। ईरान के सरकारी मीडिया ने रिवोल्यूशनरी गार्ड के एक बयान का हवाला देते हुए कहा कि अगर अमेरिका नागरिक सुविधाओं पर हमला करता है तो वे जवाबी कार्रवाई करने में जरा भी संकोच नहीं करेंगे।
आईआरजीसी ने आगे कहा कि अमेरिकी नेताओं में यह अनुमान लगाने की क्षमता नहीं है कि अगर वे हमारे बुनियादी ढांचे पर हमला करते हैं तो हमारे लड़ाकू विमानों की पहुंच में कौन-कौन सी महत्वपूर्ण संपत्तियां होंगी। अगर अमेरिकी सेना हमारी सीमा रेखा को पार करती है तो हमारी प्रतिक्रिया इस क्षेत्र से परे तक जाएगी।
