Strait of Hormuz: स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की नाकेबंदी कर ईरान की अर्थव्यवस्था को चौपट करने का संकल्प ले आगे बढ़ रहे अमेरिकी राष्ट्रपति ने ट्रुथ पर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि चीन प्रसन्न होगा कि वो "होर्मुज को हमेशा के लिए खोल रहे हैं। ट्रुथ सोशल पर अमेरिकी राष्ट्रपति ने शी जिनपिंग की दोस्ती,ईरान को हथियार न मुहैया कराने, स्मार्ट तरीकों और लड़ाई से बेहतर विकल्प की ओर इशारा किया।
चीन के साथ मिलकर काम करने का संकेत देते हुए कहा कि चीन बहुत खुश है कि मैं होर्मुज स्ट्रेट को हमेशा के लिए खोल रहा हूं। मैं यह उनके लिए भी कर रहा हूं और दुनिया के लिए भी। ऐसी हालत फिर कभी नहीं होगी।
राष्ट्रपति शी मुझे कसकर गले लगा लेंगे- ट्रंप
इसके बाद उन्होंने ईरान को चीन के राजीनामे और जिनपिंग के गले लगने की बात कही। ट्रंप कहा कि वे ईरान को हथियार न भेजने पर राजी हो गए हैं। जब मैं कुछ हफ्तों में वहां पहुंचूंगा तो राष्ट्रपति शी मुझे कसकर गले लगा लेंगे। हम साथ मिलकर स्मार्ट तरीके से और बहुत अच्छे से काम कर रहे हैं। आखिर में चिर परिचित अंदाज में लड़ाई से बेहतर विकल्प की ओर इशारा करते हुए आगे कहा कि क्या यह लड़ाई से बेहतर नहीं है? लेकिन याद रखना,अगर हमें लड़ना पड़े तो हम लड़ने में बहुत अच्छे हैं-किसी और से कहीं बेहतर!!!
जंग खत्म होते ही आएगी तेल और गैस के दाम में बड़ी गिरावट
इसके साथ ही डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान के साथ जारी तनाव खत्म होते ही तेल और गैस की कीमतों में बड़ी गिरावट देखने को मिलेगी। उन्होंने कहा कि युद्ध समाप्त होते ही अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के दाम बहुत ज्यादा नीचे आ जाएंगे। वॉशिंगटन में दिए गए एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि फिलहाल तेल की कीमत करीब 92 डॉलर प्रति बैरल है, जिससे वे संतुष्ट हैं, लेकिन जैसे ही यह संघर्ष खत्म होगा, कीमतों में तेज गिरावट आएगी। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि यह युद्ध ज्यादा लंबा नहीं चलेगा और जल्द समाप्त हो सकता है।
दरअसल, इससे पहले ट्रंप के एक बयान को लेकर विवाद खड़ा हो गया था, जिसमें उन्होंने कहा था कि चुनाव तक ईंधन की कीमतें समान रह सकती हैं या थोड़ी बढ़ सकती हैं। इस पर आलोचना होने के बाद ट्रंप ने सफाई देते हुए कहा कि उन्हें गलत तरीके से दिखाया गया था।
48 घंटों के दौरान कोई जहाज यूएस फोर्सेज को नहीं कर पाया पार
इस बीच यूएस सेंट्रल कमांड ने होर्मुज में अमेरिकी नाकेबंदी के बारे में जानकारी दी है। कमांड ने बताया कि ईरानी बंदरगाहों में प्रवेश करने और बाहर निकलने वाले जहाजों पर अमेरिकी नाकाबंदी के पहले 48 घंटों के दौरान, कोई भी जहाज यूएस फोर्सेज को पार नहीं कर पाया है। इसके अलावा 9 जहाजों ने अमेरिकी बलों के निर्देश का पालन करते हुए वापस मुड़कर किसी ईरानी बंदरगाह या तटीय क्षेत्र की ओर लौटने का निर्णय लिया है।
ट्रंप ने लिखा था शी जिनपिंग को पत्र
बता दें कि इससे पहले फॉक्स न्यूज पर ट्रंप का एक इंटरव्यू ब्रॉडकास्ट हुआ। इसमें उन्होंने दावा किया कि चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने उन्हें बताया कि चीन ईरान को हथियार नहीं दे रहा। ट्रंप ने कहा कि उन्हें खबरें मिली थीं कि चीन ईरान को हथियार दे रहा है,जिसके बाद जिनपिंग को पत्र लिखकर आपत्ति जताई थी।
चीन ने कहा था हमारे मामले में दखल न दें ट्रंप
मंगलवार को ही चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने नाकेबंदी के बीच ट्रंप के उस दावे को सिरे से खारिज किया था जिसमें उन्होंने कहा था कि बीजिंग,ईरान को हथियार मुहैया कराता है। टैरिफ की धमकी पर कहा कि अगर अमेरिका इन आरोपों के आधार पर चीन पर टैरिफ बढ़ाता है, तो चीन जवाबी कार्रवाई करेगा। उन्होंने साफ कहा था कि ट्रंप हमारे मामले में दखल न दें।
