Donald Trump: गत 13 जुलाई को चुनावी रैली के दौरान पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के कान को छूकर गोली निकली या राइफल की गोली का कोई छर्रा उनके दाहिने कान को छूता या रगड़ता हुआ निकल गया, अमेरिका में बहस का यह एक बड़ा मुद्दा बन गया है। दरअसल, ट्रंप पर हमले के बाद फेडरल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (FBI) इसी बात का जांच कर रही है। एफबीआई इस मामले के तह तक जाना चाहती है। अपनी जांच को आगे बढ़ाने के लिए वग ट्रंप से पूछताछ करना चाहती है। एफबीआई को लगता है कि इससे शूटिंग के बारे में कुछ नया और कान पर लगे जख्म के बारे में पूरा ब्योरा उसे मिल जाएगा।
13 जुलाई को ट्रंप पर हुआ हमला
यह तो सबका पता है कि 20 साल के थॉमस मैथ्यू क्रुक्स ने पेन्सिलवेनिया में डोनाल्ड ट्रंप को निशाना बनाते हुए गोलिया चलाईं। उसने आठ राउंड फायरिंग की। इस फायरिंग में ट्रंप बाल-बाल बच गए और एक गोली उनके दाहिने कान को छूते हुए निकल गई। ट्रंप का कान जख्मी हुआ, उससे खून निकला, खून के छीटें उनके चेहरे पर भी दिखे, यह सभी ने देखा। लेकिन एफबीआई प्रमुख का यह बयान कि ट्रंप के कान को छूते हुए गोली निकली या गोली से निकला कोई छर्रा या नुकीली वस्तु यह जांच का विषय है। बता दें कि क्रूक्स के हमले में रैली में एक व्यक्ति की मौत हुई और दो लोग घायल हुए।
ट्रंप ने ईश्वर को दिया धन्यवाद
हालांकि, ट्रंप का दावा है कि उन्हें कान में गोली लगी और यह ईश्वर की कृपा थी कि वह बाल-बाल बच गए। अपने चुनावी कार्यक्रमों में वह इस बात को बार-बार दोहरा भी रहे हैं। लेकिन एफबीआई के अधिकारी अभी किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचना चाहते। ट्रंप का कान बुलेट से या किसी नुकीली चीज या छर्रे से जख्मी हुआ, इसके बारे में वे पूरी तरह से आश्वस्त हो जाना चाहते हैं। किसी नतीजे से पहुंचने से पहले वह सबूतों की पूरी तरह से छानबीन कर लेना चाहते हैं।
क्राइम सीन री-क्रिएट हुआ
ट्रंप को जिस स्थान पर गोली लगी, वहां एफबीआई की टीम पहुंची और वारदात वाले समय का क्राइम सीन री-क्रिएट किया। अपनी जांच के बारे में एफबीआई ने अपने एक बयान में गुरुवार को कहा कि वह घटनास्थल से मिले गोलियों के छर्रे एवं अन्य सबूतों की जांच कर रही है।
ट्रंप के मेडिकल रिकॉर्ड्स सामने नहीं आए
एक बात और है, वह यह कि हमले के बाद ट्रंप ने अपने मेडिकल रिकॉर्ड्स सार्वजनिक नहीं किए हैं। इस मेडिकल रिकॉर्ड्स के बारे में उनके चुनावी अभियान के प्रवक्ता स्टीवन चेउंग ने भी कुछ नहीं कहा है। एफबीआई को संदेह है कि ट्रंप पर हमले में क्रूक्स के अलावा अन्य लोग भी शामिल हो सकते हैं। हालांकि, अभी तक की जांच में ऐसा कुछ सामने नहीं आया है जिससे यह पता चला या इस बात का संकेत मिले कि हमले के समय क्रूक्स के साथ कोई और था या किसी ने इस साजिश में उसकी मदद की। हमले का मोटिव भी अभी सामने नहीं आया है।
क्या क्रूक्स की ममद किसी ने की?
इस पूरे मामले में एफबीआई के के पूर्व स्पेशल एजेंट माइकल हैरीगन का कहना है कि जांच एजेंसी की सबसे बड़ी प्राथमिकता यह पता करना है कि क्या किसी ने क्रूक्स की मदद की। उनकी मानना है कि जांच के लिहाज से यह पता करना कि पूर्व राष्ट्रपति के कान के साथ क्या हुआ, यह ज्यादा महत्वपूर्ण नहीं है।
