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अमेरिका और दुनियाभर में हिंदुओं की अनदेखी की, जो बाइडन और कमला हैरिस पर बरसे डोनाल्ड ट्रंप; लगाया गंभीर ये आरोप

US Presidential Election: अमेरिकी चुनाव से ठीक पहले पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हिंदू मतदाताओं को आकर्षित करने के लिए बड़ा पासा फेंका है। उन्होंने दावा किया है कि दुनियाभर में हिंदुओं के खिलाफ बर्बर हिंसा हो रही है। साथ ही जो बाइडन और कमला हैरिस के राज में हिंदुओं की अनदेखी हो रही है। आपको बताते हैं, उन्होंने क्या कुछ कहा।

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डोनाल्ड ट्रंप ने दिवाली की शुभकामनाएं दीं।

Donald Trump Play Hindu Card in US Election: जो बाइडन और कमला हैरिस दुनियाभर में और अमेरिका में हिंदुओं की अनदेखी करते हैं। ऐसा दावा अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने किया है। अमेरिका में राष्ट्रपति पद के लिए हो रहे चुनाव को लेकर तमाम उठापटक का दौर जारी है। कमला हैरिस और ट्रंप के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिल रही है, दोनों ही ये बात बखूबी समझते हैं कि इस चुनाव में हिंदुओं का वोट बेहद अहम है। ऐसे में डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा पासा फेंक दिया है।

ट्रंप ने हैरिस और बाइडन पर लगाया इल्ज़ाम

डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा है कि 'मैं हिंदुओं, ईसाइयों और अन्य अल्पसंख्यकों के खिलाफ बर्बर हिंसा की कड़ी निंदा करता हूं, जिन पर बांग्लादेश में भीड़ द्वारा हमला किया जा रहा है और लूटपाट की जा रही है, जो पूरी तरह से अराजकता की स्थिति में है। मेरे कार्यकाल में ऐसा कभी नहीं होता। कमला और जो ने दुनिया भर में और अमेरिका में हिंदुओं की अनदेखी की है। वे इज़राइल से लेकर यूक्रेन और हमारी अपनी दक्षिणी सीमा तक तबाही मचा चुके हैं, लेकिन हम अमेरिका को फिर से मजबूत बनाएंगे और ताकत के ज़रिए शांति वापस लाएंगे!'

डोनाल्ड ट्रंप ने दिवाली की दीं शुभकामनाएं

'हम कट्टरपंथी वामपंथियों के धर्म-विरोधी एजेंडे के खिलाफ हिंदू अमेरिकियों की भी रक्षा करेंगे। हम आपकी आज़ादी के लिए लड़ेंगे। मेरे प्रशासन के तहत, हम भारत और मेरे अच्छे दोस्त, प्रधानमंत्री मोदी के साथ अपनी महान साझेदारी को भी मजबूत करेंगे। कमला हैरिस अधिक विनियमन और उच्च करों के साथ आपके छोटे व्यवसायों को नष्ट कर देंगी। इसके विपरीत, मैंने करों में कटौती की, विनियमन में कटौती की, अमेरिकी ऊर्जा को मुक्त किया और इतिहास की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था का निर्माण किया। हम इसे फिर से करेंगे, पहले से कहीं ज़्यादा बड़ा और बेहतर - और हम अमेरिका को फिर से महान बनाएंगे। साथ ही, सभी को दिवाली की शुभकामनाएँ। मुझे उम्मीद है कि रोशनी का त्योहार बुराई पर अच्छाई की जीत की ओर ले जाएगा!

कमला, आपका खेल खत्म हो चुका है: ट्रंप

अमेरिकी चुनाव से पांच दिन पहले उपराष्ट्रपति कमला हैरिस और पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने विस्कॉन्सिन में रैलियां कीं और चुनाव के लिहाज से महत्वपूर्ण इस राज्य में खुद को बीस साबित करने की कोशिश की। सीएनएन के नए सर्वेक्षणों से पता चला है कि डेमोक्रेटिक पार्टी की उम्मीदवार हैरिस को मिशिगन और विस्कॉन्सिन में मामूली बढ़त हासिल है, जबकि पेंसिल्वेनिया में दोनों के बीच कांटे की टक्कर है। हैरिस को ट्रंप के मुकाबले मिशिगन और विस्कॉन्सिन में क्रमश: पांच एवं छह फीसदी की बढ़त हासिल है। राष्ट्रपति चुनाव के लिए प्रचार के दौरान ट्रंप ने हैरिस पर तीखा हमला बोला और राष्ट्रपति जो बाइडन की टिप्पणियों का हवाला दिया, जिसमें उन्होंने ट्रंप के समर्थकों को 'कचरा' कहा था।

हाल ही में ट्रंप विस्कॉन्सिन के ग्रीन बे क्षेत्र में कचरा उठाते समय पहनी जाने वाली जैकेट पहनकर एक डंपर ट्रक में सवार होकर रैली में पहुंचे और अपने हजारों समर्थकों को संबोधित करते हुए कहा कि हैरिस राष्ट्रपति बनने के योग्य नहीं हैं। उन्होंने कहा, 'जो (बाइडन) और कमला के लिए मेरी प्रतिक्रिया बहुत सरल है, यदि आप अमेरिकियों से प्यार नहीं करते हैं तो आप अमेरिका का नेतृत्व नहीं कर सकते, यह सच है। यदि आप अमेरिकी लोगों से नफरत करते हैं तो आप राष्ट्रपति नहीं बन सकते। मेरा मानना है कि वे ऐसा करते हैं, और कमला हैरिस अमेरिका की राष्ट्रपति बनने के योग्य नहीं हैं।' ट्रंप ने कहा, 'कमला, आपका खेल खत्म हो चुका है।'

बाइडन के बयान से कमला हैरिस को तौबा

कमला हैरिस ने बाइडन के उस विवादास्पद बयान से दूरी बना ली, जिसमें उन्होंने ट्रंप के समर्थकों को ‘कचरा’ कहा था। हैरिस ने कहा कि वह किसी के मत के आधार पर उसकी आलोचना करने से पूरी तरह असहमत हैं। हैरिस ने बुधवार को संवाददाताओं से कहा, 'मेरा मानना है कि मेरा काम सभी लोगों को प्रतिनिधित्व करना है, चाहे वे मेरा समर्थन करें या न करें। अमेरिका की राष्ट्रपति के रूप में, मैं सभी अमेरिकियों के लिए राष्ट्रपति रहूंगी, चाहे आप मुझे वोट दें या न दें।' अमेरिका में पांच नवंबर को मतदान होना है।

Ayush Sinha
आयुष सिन्हाauthor

मैं टाइम्स नाउ नवभारत (Timesnowhindi.com) से जुड़ा हुआ हूं। कलम और कागज से लगाव तो बचपन से ही था, जो धीरे-धीरे आदत और जरूरत बन गई। मुख्य धारा की पत्रकारिता से जुड़े हुए 10 साल पूरे हो चुके हैं। लोकसभा चुनाव 2014 से पहले ही मैंने पत्रकारिता की पढ़ाई के बीच में ही देश की राजधानी दिल्ली आने की ठान ली थी। उससे पहले मैंने कभी ये सोचा तक नहीं था कि मैं बनारस बोले तो वाराणसी शहर से बाहर भी जा सकता हूं। जी हां, मेरा नाता काशी से है। जन्म के साथ-साथ शिक्षा दीक्षा भी बनारस में ही हुई। राष्ट्रपिता मोहनदास करमचंद गांधी (बापू) द्वारा स्थापित किए गए विश्वविद्यालय- 'महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ' से मैंने पत्रकारिता में स्नातक किया है। ग्रेजुएशन के दौरान ही विश्वविद्यालय के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के अध्यापकों ने बड़ी ही सख्ती से मेरी नक्काशी करने की कोशिश की। ग्रेजुएशन के आखिरी वर्ष आते-आते मैंने दिल्ली की ट्रेन पकड़ी और यहां पहुंच गया। आव देखा न ताव, दिल्ली NCR में बड़े-बड़े मीडिया समूहों के दफ्तरों के बाहर अपना बायोडेटा डाल कर प्रयास में जुट गया। काफी धैर्य के बाद ZEE मीडिया समूह से जुड़ने का मौका मिला। मेरे पत्रकारिता के सफर की शुरुआत टेलीविजन के इनपुट डिपार्टमेंट से हुई। यहां मैं असाइनमेंट डेस्क पर था। कुछ महीनों तक खुद को इस समूह के साथ जोड़े रखने के बाद वर्ष 2015 में मैंने प्रिंट मीडिया का रुख कर लिया और ALL RIGHTS नाम की मैगज़ीन के साथ जुड़ गया। बतौर विशेष संवाददाता (Special Correspondent) मेरे कंधों पर बड़ी जिम्मेदारी सौंपी गई थी। मैं उन दिनों देशभर के अलग-अलग लोकसभा क्षेत्र के सांसदों, केंद्रीय मंत्रियों और दिल्ली सरकार के विधायकों और मंत्रियों का साक्षात्कार करता था। मैगज़ीन के संपादकीय पृष्ठ के लिए मैं लेख भी लिखता था। राजनीतिक खबरों से लगाव होने के चलते मैंने इस बीट को ही अपना हमसाया बना लिया। मैगजीन के बाद फिर टेलीविजन का रुख किया और इसी साल दोबारा ज़ी मीडिया से जुड़ गया। यहां साढ़े 3 सालों तक काम करने के बाद मैंने डिजिटल मीडिया में कदम रखने की ठान ली। रिपब्लिक भारत की लॉन्चिंग से पहले मुझे इसकी वेबसाइट से जुड़ने का मौका मिला। रिपब्लिक से जुड़ने के साथ ही मैंने दिल्ली छोड़कर मुंबई का रुख कर लिया। समंदर किनारे बसे इस शहर में मैंने डिजिटल पत्रकारिता के गुर को सीखा। इस संस्थान में मुझे रिपोर्टर के तौर पर मौका दिया था। कुछ ही महीने बाद मैं वापस दिल्ली आ गया और मैंने न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया में एसोसिएट प्रोड्यूसर और रिपोर्टर की भूमिका में काम किया। चंद महीने बाद ही ज़ी मीडिया समूह के डिजिटल प्लेटफॉर्म पर काम करने का अवसर मिला। ज़ी हिन्दुस्तान के लिए मैंने स्पेशल खबरों पर काम किया और इस समूह का पहला डिजिटल रिपोर्टर बन गया। इसके बाद मुझे वीडियो सेक्शन का हेड बना दिया गया। मैंने चुनावी कवरेज की, ग्राउंड रिपोर्टिंग की और साथ ही साथ वीडियो सेक्शन को नए शिखर पर पहुंचाने की कोशिश की। मैं कविताएं और किस्से-कहानियां भी लिखता रहता हूं। पढ़ाई के दौरान ही मैंने दो किताबें भी लिखी, एक नॉवेल और दूसरी पोएट्री बुक। पत्रकारिता में रहते हुए मैंने कई "स्टिंग ऑपरेशन" भी किए। मेरे सफर को और भी खूबसूरत बनाने के लिए टाइम्स समूह ने मुझे मौका दिया। मैं जुलाई, 2023 में इस संस्थान से जुड़ा और मुझे मेन डेस्क पर खबरों से दो-चार होते रहने की जिम्मेदारी सौंपी गई। राजनीतिक विश्लेषण के साथ विस्तार से खबरों को परोसता हूं और अपने पाठकों को कुछ नया देने का प्रयास करता हूं।

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