Israel Iran Conflict: इजरायल और ईरान के बीच तनाव अपने चरम पर है। दोनों देश एक-दूसरे पर ड्रोन्स और मिसाइलों से हमला कर रहे हैं। इस बीच, ईरान के खिलाफ युद्ध में अमेरिका के दाखिल होने की संभावनाएं तेज हो गईं। हालांकि, हूती विद्रोहियों ने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को चेतावनी दी कि यदि ट्रंप प्रशासन ईरान के खिलाफ इजरायल के अभियान में शामिल हुआ तो लाल सागर में अमेरिकी जहाजों पर हमले फिर से शुरू कर दिए जाएंगे।
हूति विद्रोहियों ने US को धमकाया?
यह धमकी हूती विद्रोहियों के सैन्य प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल याह्या सारी ने शनिवार को एक वीडियो संदेश जारी कर दी। याह्या सारी ने कहा कि अगर इजरायली दुश्मन के साथ ईरान के खिलाफ हमले में अमेरिका शामिल होता है तो हमारे विद्रोही लाल सागर में उसके जहाजों और युद्धपोतों को निशाना बनाएंगे।
युद्ध में होगी अमेरिकी की एंट्री?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान के खिलाफ संघर्ष में इजरायली अभियान में शामिल होंगे या नहीं? जल्द ही अमेरिका इस पर फैसला करेगा। हाल ही में व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने ट्रंप के हवाले से बताया था कि निकट भविष्य में ईरान के साथ बातचीत होने या न होने की पर्याप्त संभावना है। ट्रंप अगले दो हफ्तों के अंदर अपना निर्णय लेंगे कि आगे बढ़ना है या नहीं।
US जानता है खामेनेई का ठिकाना
इससे पहले ट्रंप ने ईरान को 'बिना शर्त आत्मसमर्पण' करने को कहा था। ईरान को धमकाते हुए ट्रंप ने कहा था कि उनके सर्वोच्च नेता खामेनेई कहां छिपे हैं? इसकी उन्हें जानकारी है। उन्होंने कहा था कि खामेनेई को मारने की उनकी 'कम से कम फिलहाल कोई योजना' नहीं है। सनद रहे कि यमन के हूती विद्रोहियों और अमेरिका के बीच मई में एक युद्धविराम पर सहमति बनी थी जिसके तहत दोनों पक्ष एक-दूसरे को निशाना नहीं बनाएगा।
