परिवहन केंद्र केवल आने-जाने की जगह नहीं होते, बल्कि वे नई शुरुआत, मौके और इंसानी मेहनत की पहचान होते हैं। दुनिया में कई रेलवे स्टेशन मशहूर हैं, लेकिन न्यूयॉर्क का ग्रैंड सेंट्रल टर्मिनल (new york grand central terminal) अपने विशाल आकार और इतिहास की वजह से सबसे अलग है। गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड के अनुसार यह दुनिया का सबसे बड़ा रेलवे स्टेशन (world largest railway station) माना जाता है। ग्रैंड सेंट्रल टर्मिनल को 1903 में कमीशन किया गया था और इसका निर्माण 1913 में पूरा हुआ। इसे न्यूयॉर्क सेंट्रल एंड हडसन रिवर रेलरोड, न्यूयॉर्क एंड हार्लेम रेलरोड और न्यूयॉर्क एंड न्यू हेवन रेलरोड। इन तीन बड़ी रेल लाइनों को जोड़ने के लिए बनाया गया था। इसका मकसद मिडटाउन मैनहट्टन में एक भव्य और आधुनिक स्टेशन बनाना था।
2,500 सितारों की पेंटिंग
इस स्टेशन का डिजाइन प्रसिद्ध आर्किटेक्ट फर्म रीड एंड स्टेम और वॉरेन एंड वेटमोर ने तैयार किया था। इसकी Beaux-Arts शैली आज भी लोगों को आकर्षित करती है। मेन कॉनकोर्स की छत पर 12 राशियों और करीब 2,500 सितारों की पेंटिंग बनी है, जो देखने वालों को हैरान कर देती है। इसके अलावा सूचना काउंटर के ऊपर लगी चार तरफ वाली ओपल घड़ी भी स्टेशन की पहचान है। आज ग्रैंड सेंट्रल टर्मिनल में कुल 44 प्लेटफॉर्म और 67 ट्रैक हैं। ऊपरी स्तर पर 41 और निचले स्तर पर 26 ट्रैक मौजूद हैं। यह स्टेशन रोजाना हजारों यात्रियों को संभालता है। रिपोर्ट के अनुसार यहां प्रतिदिन करीब 1.5 लाख लोग आते हैं और लगभग 660 ट्रेनें रोज स्टेशन से गुजरती हैं।
एक गुप्त प्लेटफॉर्म ट्रैक 61 भी मौजूद
ग्रैंड सेंट्रल सिर्फ स्टेशन नहीं बल्कि एक बड़ा पर्यटन स्थल भी है। यहां दुनिया भर से लोग देखने आते हैं। खास बात यह है कि इसमें एक गुप्त प्लेटफॉर्म ट्रैक 61 भी मौजूद है। इसे कभी अमेरिकी राष्ट्रपति फ्रैंकलिन डी. रूजवेल्ट (US President) के लिए बनाया गया था ताकि वे चुपचाप यात्रा कर सकें। आम लोगों के लिए यह बंद है, लेकिन इसकी कहानी स्टेशन को और खास बना देती है। इस तरह ग्रैंड सेंट्रल टर्मिनल इतिहास, तकनीक और खूबसूरती का शानदार उदाहरण है।
