Hathini Gori Of Rajasthan: राजस्थान के जयपुर से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक हथिनी को उसकी फेवरेट मावा गुजिया नहीं खिलाने पर दुकानदार को बड़ी सजा झेलने को मिली। दरअसल, दुकानदार ने मावा गुजिया की जगह हथिनी को मसालेदार कचौड़ी खाने के लिए दे दी थी। इससे चिढ़कर हथिनी ने दुकानदार को उठाकर पटक दिया। इससे उसे गंभीर चोटें आईं और अस्पताल में भर्ती करवाना पड़ा। मामला जयपुर जिले के आमेर से सामने आया है। हथिनी का नाम गोरी है।
हथिनी गोरी को पसंद की मावा गुजिया
हथिनी गोरी पिछले 17 सालों से आमेर किले में आने वाले पर्यटकों को सवारी करवाती है। वह हर सवारी के बाद मावा गुजिया खाने की शौकीन है। जिससे वह इलाके में दुकान लगाने वाले हलवाई के पास जाकर मावा गुजिया खाती है। हालांंकि, इस बार दुकानदार ने उसे मावा गुजिया की बजाय खाने के लिए मसालेदार कचौड़ी दे दी। इससे हथिनी गोरी को गुस्सा आ गया और उसने दुकानदार को उठाकर जमीन पर पटक दिया। सिर्फ यही नहीं हथिनी ने दुकानकार को अपनी सूंड में फंसाकर सड़क पर घसीटा। इससे दुकानदार बुरी तरह घायल हो गया। इसके बाद उसे इलाज के लिए अस्पातल में भर्ती करवाया गया।
हथिनी गोरी को आया भयंकर गुस्सा
घटना सोमवार की है। हमेशा शांत रहने वाली गोरी का गुस्सा देखकर आस-पास के लोग भी डर गए। रिपोर्ट के अनुसार, गोरी सोमवार को मावा गुजिया खाने के लिए रूपनारायण कूलवाल नामक दुकानदार के पास गई थी। इस दौरान दुकानदार ने गलती से गोरी को गुजिया की जगह गर्म-गर्म मसालेदार कचौड़ी खाने के लिए दे दी। इससे हथिनी गोरी काफी नाराज हो गई। बता दें कि इलाके में सभी को पता था कि गोरी गुजिया ही खाती है। बताया जाता है कि सोमवार को दुकान हथिनी गोरी के साथ दो अन्य हाथी भी आए थे। इस वजह से दुकानदार से गलती हो गई और उसने गौरी को भी कचौड़ी खिला दी। बताया जाता है कि इब्राहिम मंसूरी गोरी की मां को दूसरे राज्य से लेकर आए थे। तब वह गर्भवती थी। साल 2002 में गोरी का जन्म आमेर में हुआ। तब उसका जन्मदिन काफी धूमधाम से मनाया गया था। इसमें बड़े-बड़े राजनेता शामिल हुए थे।
