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Power Demand: बिजली की डिमांड ने तोड़े सारे रिकॉर्ड, 235 गीगावाट पर पहुंची मांग

  • Authored by: Rohit Ojha
  • Updated May 23, 2024, 05:07 PM IST

Power Demand: बिजली की मांग बढ़ने का प्रमुख कारण गर्मी का अधिक पड़ना है। पारा चढ़ने के साथ एयर कंडीशनर/ कूलर का उपयोग बढ़ रहा है, जिससे बिजली की खपत में भी वृद्धि हुई है। इससे पहले, बिजली की अधिकतम मांग सितंबर, 2023 में 243.27 गीगावाट के उच्चतम स्तर पर रही थी।

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भीषण गर्मी पड़ने से बिजली की डिमांड बढ़ी

Photo : iStock

Power Demand: देश के ज्यादातर हिस्सों में भीषण गर्मी पड़ने से बिजली की अधिकतम मांग बुधवार को 235.06 गीगावाट पर पहुंच गई। यह इस मौसम की अबतक की सर्वाधिक मांग है। उद्योग विशेषज्ञों के अनुसार, बिजली की मांग बढ़ने का प्रमुख कारण गर्मी का अधिक पड़ना है। पारा चढ़ने के साथ एयर कंडीशनर/ कूलर का उपयोग बढ़ रहा है, जिससे बिजली की खपत में भी वृद्धि हुई है। बिजली मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, बिजली की अधिकतम मांग या दिन में सबसे अधिक सप्लाई बुधवार को 235.06 गीगावाट दर्ज की गई। यह इस साल गर्मी के मौसम में अबतक की सबसे अधिक मांग है।

रिकॉर्ड टूटने का अनुमान

इससे पहले, बिजली की अधिकतम मांग सितंबर, 2023 में 243.27 गीगावाट के उच्चतम स्तर पर रही थी। अधिक गर्मी पड़ने और कुछ क्षेत्रों में लू चलने के कारण इस मौसम में रिकॉर्ड टूटने का अनुमान है। बिजली मंत्रालय ने इस महीने की शुरुआत में मई के लिए दिन के समय बिजली की अधिकतम मांग 235 गीगावाट और शाम के समय 225 गीगावाट तथा जून के लिए दिन के दौरान 240 गीगावाट और शाम के समय 235 गीगावाट रहने के अनुमान जताया था।

कितनी पहुंच सकती है डिमांड

इसके अलावा बिजली मंत्रालय ने यह भी अनुमान लगाया है कि इस गर्मी में बिजली की अधिकतम मांग 260 गीगावाट तक पहुंच सकती है। आंकड़ों के अनुसार, अप्रैल, 2024 में अधिकतम बिजली की मांग 224.18 गीगावाट थी। उस समय देश के विभिन्न भागों में गर्मी की शुरुआत थी। मार्च में यह 221.82 गीगावाट, फरवरी में 222.16 गीगावाट और जनवरी में 223.51 गीगावाट थी। इस महीने अधिकतम आपूर्ति छह मई को 233 गीगावाट और 21 मई को 233.80 गीगावाट तक पहुंच गई। मई, 2023 में यह 221.42 गीगावाट रही थी।

गर्मी और लू वाले दिन

पिछले सप्ताह, 18 मई को बिजली की अधिकतम आपूर्ति 229.57 गीगावाट तक पहुंच गई, जबकि 15, 16 और 17 मई को यह लगभग 226 गीगावाट थी। विशेषज्ञों का मानना है कि बिजली की मांग और बढ़ सकती है तथा यह सितंबर, 2023 में दर्ज 243.27 गीगावाट के अबतक के उच्चतम स्तर को पार कर सकती है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने इस साल मार्च में अनुमान लगाया था कि देश में इस साल अधिक गर्मी और लू वाले दिन अधिक होंगे। अल नीनो की स्थिति कम-से-कम मई तक जारी रहने का अनुमान जताया गया है।

इसमें कहा गया है कि मार्च से मई तक पूर्वोत्तर भारत, पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र, दक्षिण पश्चिम प्रायद्वीप और पश्चिमी तट को छोड़कर देश के अधिकांश हिस्सों में लू के दिनों की संख्या सामान्य से अधिक रहने का अनुमान है।

Rohit Ojha
Rohit Ojhaauthor

<p>रोहित ओझा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉरस्पॉडेंट सितंबर 2023 से काम कर रहे हैं। यहां पर वो बिजेनस और यूटिलिटी की खबरों पर काम करते हैं। मीडिया इंडस्ट्री में पांच साल से अधिक का अनुभव। चुनावी खबरों से शुरू हुआ पत्रकारिता का सफर फिलहाल स्टॉक मार्केट, इकोनॉमी और पर्सनल फाइनेंस की खबरों के साथ जारी है। डेस्क और फील्ड दोनों में ही काम करने का तजुर्बा। टाइम्स नाऊ नवभारत से पहले अलग-अलग मीडिया संस्थानों में अलग-अलग बीट पर काम कर चुके हैं। अमर उजाला, टीवी9 हिंदी, इंडिया टीवी, आज तक जैसे मीडिया संस्थान में अलग-अलग बीट पर काम कर चुके हैं। स्टॉक मार्केट और इकोनॉमी के साथ-साथ देश की सियासी घटनाओं पर लिखने का अनुभव है। 2019 के आम चुनाव से लेकर तमाम विधानसभा की चुनावी खबरों पर काम किया है। 2019 का क्रिकेट वर्ल्ड कप और आईपीएल की खबरों पर भी काम किया है। किस्से-कहानियों में मन लगता है। शारदा यूनिवर्सिटी से मास-कम्युनिकेशन और जर्नलिज्म किया है। गृह जनपद- बक्सर। साहित्य, सियासत और सिनेमा पर लिखना-पढ़ना खूब पसंद है।</p>

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