Ashi Chouksey: भारतीय शूटिंग की स्टार आशी चौकसे इस बार एशियन गेम्स में सिर्फ हिस्सा लेने नहीं, बल्कि गोल्ड जीतने के इरादे से जा रही हैं। 19 सितंबर से जापान के आइची-नागोया में शुरू हो रहे एशियन गेम्स के लिए आशी ने अपनी तैयारी तेज कर दी है। आशी इस बार दो इवेंट में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी। उनके लिए ये दूसरा एशियन गेम्स होगा। उन्होंने कहा कि पहले एशियन गेम्स के अनुभव ने उन्हें ज्यादा आत्मविश्वासी बनाया है। ANI से बात करते हुए आशी ने कहा, "यह मेरा दूसरा एशियन गेम्स होगा। मुझे पता चल गया है कि उस बड़े मंच पर क्या चाहिए। इस बार मैं ज्यादा अनुभव और क्लियर लक्ष्य के साथ जाऊंगी, जो मेरे लिए फायदेमंद होगा।"
पिछले एशियन गेम्स में जीते तीन मेडल
आशी ने पिछले हांगझू एशियन गेम्स 2022 में तीन मेडल जीतकर सबका ध्यान खींचा था। उन्होंने 10 मीटर एयर राइफल टीम और 50 मीटर राइफल 3 पोजीशन टीम में सिल्वर जीता था, जबकि 50 मीटर 3 पोजीशन व्यक्तिगत में ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया था। उस ब्रॉन्ज मेडल की कहानी आज भी उनके मन में है। आशी ने बताया कि वह सिल्वर की पोजीशन में थीं, लेकिन आखिरी शॉट 8.9 का लग गया और उन्हें ब्रॉन्ज से संतोष करना पड़ा। हालांकि वह उनका पहला व्यक्तिगत एशियन मेडल था, इसलिए वह खास था।
पिछले कसर को पूरा करना चाहती हैं आशी
अब आशी उस कसर को पूरा करना चाहती हैं। उन्होंने कहा, "मेरे पास दो सिल्वर और एक ब्रॉन्ज है, लेकिन गोल्ड नहीं। इस बार मैं इसे गोल्ड में बदलना चाहती हूं।" प्रेशर को लेकर आशी का नजरिया काफी मैच्योर है। वह मानती हैं कि ओलंपिक हो या ट्रायल, प्रेशर हर मैच में होता है। जरूरी है कि हम उसे पॉजिटिव में कैसे बदलें और अपनी प्रोसेस को न भूलें। उनका सबसे बड़ा सपना ओलंपिक पोडियम है। आशी ने कहा, "मैं खुद को ओलंपिक पोडियम पर देखती हूं। भारत ने अभी तक महिला 50 मीटर में ओलंपिक मेडल नहीं जीता है, मैं वो इतिहास बदलना चाहती हूं। मेरा सपना लॉस एंजिल्स ओलंपिक में भारत के लिए गोल्ड जीतना है।"
