Suchika Tariyal Asian Games Medal: जापान के आइची-नागोया में चल रहे एशियन गेम्स 2026 में भारत का मेडल का खाता खुल गया है। हरियाणा की बेटी सुचिका तरियाल ने यह कारनामा किया है। सुचिका ने महिला ट्रेडिशनल 60 किग्रा MMA इवेंट के सेमीफाइनल में जगह बनाकर भारत के लिए पहला मेडल पक्का कर दिया है। रविवार को खेले गए क्वार्टर फाइनल मुकाबले में सुचिका ने मंगोलिया की अल्तानचिमेग बैगलमा को हराया। मुकाबले के दूसरे और आखिरी राउंड में मंगोलियाई खिलाड़ी ने आक्रामक खेल दिखाया, लेकिन सुचिका ने शानदार डिफेंस किया। दबाव में भी उन्होंने धैर्य नहीं खोया और एक अहम रिवर्सल के साथ विरोधी को जमीन पर गिरा दिया और अंत तक कंट्रोल बनाए रखा।
प्रेरणादायक है सुचिका की कहानी
सुचिका की यह कहानी बेहद प्रेरणादायक है। रोहतक की रहने वाली सुचिका ने एक छेड़छाड़ की घटना के बाद खुद की सुरक्षा के लिए जूडो सीखना शुरू किया था। एक दशक से ज्यादा समय बाद वही फैसला उन्हें एशियन गेम्स के पोडियम तक ले आया। उन्होंने जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम से ट्रेनिंग शुरू की, फिर पालम के दादा देव मंदिर सेंटर और बाद में SAI भोपाल में अभ्यास किया।
सुचिका 8 बार नेशनल जूडो चैंपियन रही हैं और 20 से ज्यादा इंटरनेशनल टूर्नामेंट में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। उन्होंने 2019 कॉमनवेल्थ जूडो चैंपियनशिप और 2019 साउथ एशियन गेम्स में गोल्ड जीता था। 2022 बर्मिंघम कॉमनवेल्थ गेम्स में भी वह भारत की तरफ से खेली थीं।
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CISF में हेड कांस्टेबल हैं सुचिका
जूडो के बाद उन्होंने जु-जित्सु में कदम रखा और 2024 में JJIF वर्ल्ड चैंपियनशिप में 63 किग्रा कैटेगरी में वर्ल्ड चैंपियन बनीं। MMA में उन्होंने 2017 में डेब्यू किया था, फिर 7 साल के ब्रेक के बाद दिसंबर 2024 में BRAVE CF 92 के जरिए वापसी की। खेल के साथ-साथ वह CISF में हेड कांस्टेबल और हरियाणा खेल विभाग में जूनियर कोच के तौर पर भी सेवाएं दे रही हैं।
