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IPL 2024: शाहबाज अहमद ने बताया, इम्पैक्ट प्लेयर रूल ने किसे किया सबसे ज्यादा प्रभावित

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  • Updated May 17, 2024, 08:47 PM IST

सनराइजर्स हैदराबाद के लिए खेल रहे ऑलराउंडर शाहबाज अहमद ने बताया है कि आईपीएल के इम्पैक्ट प्लेयर रूल ने किसके ऊपर डाला है सबसे ज्यादा असर?

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शाहबाज अहमद(साभार IPL/BCCI)

KEY HIGHLIGHTS
  • शाहबाज अहमद ने इम्पैक्ट प्लेयर रूल के बारे में दिया है बड़ा बयान
  • उनकी राय इस मामले में रोहित शर्मा से है अलग
  • शाहबाज का मानना है कि इस नियम से गेंदबाज हुए हैं प्रभावित

नई दिल्ली: सनराइजर्स हैदराबाद के बायें हाथ के स्पिनर शाहबाज अहमद ने शुक्रवार को कहा कि ‘इम्पैक्ट प्लेयर’ नियम आल राउंडर की तुलना में गेंदबाजों के लिए सबसे बड़ा दुस्वप्न साबित हुआ है। शाहबाज ने इस इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) सत्र में 138 से ज्यादा के स्ट्राइक रेट से 186 रन बनाये हैं। लेकिन उनका मुख्य कौशल बायें हाथ से स्पिन गेंदबाजी करना है जो उनके लिए फायदेमंद नहीं रहा है क्योंकि इससे उन्होंने केवल तीन विकेट ही झटके हैं जिसमें भी उनका इकोनोमी रेट 10.60 का है और यह इतना अच्छा नहीं है।

इन्पैक्ट प्लेयर रूल से गेंदबाज हुए हैं सबसे ज्यादा प्रभावित

शाहबाज ने ‘पीटीआई वीडियो’ से कहा,'अब प्रत्येक टीम के पास कुल नौ बल्लेबाज (एक ऑल राउंडर और आठ बल्लेबाज) हो गये हैं। साथ ही टीम ऐसा खिलाड़ी चाहती हैं जो पहली ही गेंद से बड़े शॉट लगा सके और अंत तक इसी लय को जारी रखे। ‘इम्पैक्ट प्लेयर’ नियम ने ऑलराउंडर की तुलना में गेंदबाजों को ज्यादा प्रभावित किया है क्योंकि यह बल्लेबाजों को स्वच्छंद बल्लेबाजी करने की आजादी देता है।'

पिछले सत्र में सही तरीके से नहीं हुआ था इम्पैक्ट प्लेयर रूल का इस्तेमाल

शाहबाज का कहना है कि आईपीएल में जब इस नियम ने शुरूआत की तो पिछले सत्र में टीमों को ‘इम्पैक्ट’ खिलाड़ी नियम को इस्तेमाल करने का तरीका समझ नहीं आया था। पिछले सत्र में इसके इस्तेमाल के बारे में ज्यादा पता नहीं था। अब ऑलराउंडर की भूमिका कम हो गयी है जिसका मतलब है कि उन्हें पहले की तरह गेंदबाजी करने का नहीं मिल रहा है, उन्हें गेंदबाजी करने का कम मौका मिल रहा है। काफी ऑलराउंडर इसका सामना कर रहे हैं। अब उन्हें सिर्फ एक या दो ओवर ही गेंदबाजी करने को मिलती है जबकि पहले वे चार ओवर फेंक लिया करते थे। यह सच है। हर किसी को यह दिख रहा है। मैच में सूत्रधार की भूमिका निभाने वाले बल्लेबाज तेजी से कम हुए हैं।'

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