अध्यात्म

Yogini Ekadashi 2024 Daan: योगिनी एकादशी पर करें इन चीजों का दान, विष्णु जी की बरसेगी कृपा

Yogini Ekadashi 2024 Daan: योगिनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु की पूजा की जाती है। इस दिन दान करने का भी खास महत्व है। आइए जानते हैं योगिनी एकादशी के दिन किन चीजों का दान करना चाहिए।

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Yogini Ekadashi 2024

Yogini Ekadashi 2024 Daan: योगिनी एकादशी का व्रत हर साल आषाढ़ महीने की कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि के दिन मनाया जाता है। योगिनी एकादशी का व्रत रखने से भगवान विष्णु की विधिपूर्वक पूजा करने से सभी पापों का नाश होता है और साधक की सारी मनोकामना की पूर्ति होती है। योगिनी एकादशी पर दान का विशेष महत्व है। इस दान करने से दान करने का दौगुना फल मिलता है। इस साल योगिनी एकादशी पर शुभ योगों का भी निर्माण हो रहा है। इन शुभ संयोग में पूजा करने से शुभ फल की प्राप्ति होगी। आइए जानते हैं योगिनी एकादशी के दिन किन चीजों का दान करना चाहिए।

Yogini Ekadashi 2024 Daan (योगिनी एकादशी दान 2024)

वस्त्र दान

योगिनी एकादशी के दिन आप किसी गरीब या जरूरतमंद को वस्त्र का दान कर सकते हैं। कपड़े का दान करने से आपको दरिद्रता से मुक्ति मिलेगी। इसके साथ आपकी सुख, समृद्धि में भी बढ़ोतरी होगी।

अन्न दान

योगिनी एकादशी के दिन अन्न का दान करना भी बहुत शुभ माना जाता है। इस दिन आप किसी को भोजन करा सकते हैं या कच्चे अन्न जैसे आटा, दाल, चावल इन चीजों को भी दान में दे सकते हैं। अन्न का दान करने से साधक को मनवांछित फल की प्राप्ति होती है।

तिल दान

योगिनी एकादशी पर काले तिल का जान भी कर सकते हैं। ऐसी मान्यता है कि योगिनी एकादशी के दिन तिल का दान करने से शनिदेव प्रसन्न होते हैं। इस दिन तिल का दान करने से साधक की आय में वृद्धि होती है, इसके साथ उसे आरोग्य की प्राप्ति होती है।

घी दान

शास्त्रों के अनुसार घी को देवताओं का भोजन माना जाता है। योगिनी एकादशी के दिन घी का दान किया जाता है। इस दिन घी का दान करने से बुद्धि तेज होती है।

योगिनी एकादशी महत्व (Yogini Ekadashi Importance)

सनातन धर्म में योगिनी एकादशी के व्रत का विशेष महत्व है। इस दिन विधिवत रूप से भगवान विष्णु की पूजा- अर्चना की जाती है। इस दिन का व्रत करने से साधक को सारे पापों मुक्ति मिल जाती है और अंत में उसे मोक्ष की प्राप्ति होती है। योगिनी एकादशी का व्रत करने से जन्म-मरण के बंधन से भी छुटकारा मिल जाता है। इसके साथ ही घर परिवार में सुख, समृद्धि आती है।
Jayanti Jha
जयंती झाauthor

बिहार के मधुबनी जिले से की रहने वाली हूं, लेकिन शिक्षा की शुरुआत उत्तर प्रदेश की गजियाबाद जिले से हुई। दिल्ली विश्वविद्यायलय से हिंदी ऑनर्स से ग्रेजुएशन पूरा किया। इसके बाद इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय से हिंदी में मास्टर्स की डिग्री ली और इसके साथ ही दिल्ली के विवेकानंद कॉलेज से हिंदी पत्रकारिता में डिपलोमा किया। डिजिटल पत्रकारिता की शुरुआत 2022 में रफ्तार से हुई। अगस्त 2023 से Times Network में timesnowhindi.com के फीचर टीम के साथ जुड़ी हूं। इससे पहले vianet media pvt. ltd में बतौरा हिंदी टाइपिस्ट 1 साल काम किया। रफ्तार में रहकर आध्यात्म पर लिखना शुरू किया । आध्यात्म के बारे में जानना और उसके बारे में चर्चा करना पसंद है। ग्रहों, नक्षत्रों और राशियों के बारे में जानना बहुत पसंद है। लोगों तक सही जानकारी देना ही मेरी प्राथमिकता रहती है।

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