अध्यात्म

Paush Mahina 2024: पौष महीना 15 दिसंबर से शुरू, नोट कर लें इस महीने के व्रत-त्योहारों की डेट्स

Paush Month 2024 (पौष महीने के त्योहार, पौष महीने के वर्जित कार्य): पौष महीना 16 दिसंबर 2024 से शुरू हो रहा है और इसकी समाप्ति 13 जनवरी 2025 को होगी। जानिए इस महीने में कौन से व्रत-त्योहार पड़ेंगे। साथ ही पौष महीने में क्या करना चाहिए और क्या नहीं।

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पौष महीने में वर्जित कार्य, पौष महीने के त्योहार

Paush Month 2024 (पौष महीने के त्योहार, पौष महीने के वर्जित कार्य): पौष के महीने को पूस का महीना भी कहा जाता है। ये हिंदू वर्ष का दसवां महीना होता है। जो दिसंबर से जनवरी के बीच में पड़ता है। इस महीने में कई शुभ कामों पर रोक लग जाती है। खासतौर से शादी-ब्याह, गृह प्रवेश, मुंडन जैसे शुभ और मांगलिक कार्य तो पौष महीने में बिल्कुल भी नहीं किए जाते हैं। पौष माह सूर्य देव की उपासना का महीना होता है। इस महीने में कई व्रत-त्योहार भी पड़ते हैं।

पौष महीने के त्योहार (Paush Mahine Ke Tyohar 2024)

16 दिसंबर 2024- पौष मास प्रारंभ, धनु संक्रांति, खरमास शुरू

18 दिसंबर 2024- संकष्टी गणेश चतुर्थी, गुरु घासीदास जयंती, महाराजा छत्रसाल दिवस

22 दिसंबर 2024- भानु सप्तमी

23 दिसंबर 2024- रुक्मिणी अष्टमी, किसान दिवस

25 दिसंबर 2024- क्रिसमस, ईसा मसीह जयंती, पार्श्वनाथ भगवान जयंती, अटल बिहारी जयंती

26 दिसंबर 2024- सफला एकादशी, भगवान चंद्रप्रभु जयंती

28 दिसंबर 2024 - शनि प्रदोष व्रत

30 दिसंबर 2024- सोमवती और पौषी अमावस्या

1 जनवरी 2024- चंद्रदर्शन, नव वर्ष 2025 प्रारंभ

2 जनवरी 2024- रज्जब मास प्रारंभ

3 जनवरी 2024- विनायकी चतुर्थी, पंचक शुरू

6 जनवरी 2024- गुरु गोकुलगास जन्मोत्सव, गुरु गोविंद सिंह जयंती

7 जनवरी 2024- शाकंभरी यात्राकंभ, पंचक समापन

10 जनवरी 2024- पुत्रदा एकादशी व्रत

11 जनवरी 2024- रोहिणी व्रत, शनि प्रदोष,

13 जनवरी 2024- पौष पूर्णिमा, प्रयागराज कुंभ मेला, लोहड़ी उत्सव, शाकंभरी यात्रा समापन, माघ स्नान

पौष महीने में वर्जित कार्य (Paush Month Me Kya Nahi Karna Chahiye)

पौष महीने में शादी समारोह से लेकर अन्य सभी मांगलिक काम करने की सख्त मनाही होती है। विवाह के अलावा पौष महीने में गृह प्रवेश, देवता पूजन, मुंडन, जनेऊ जैसे शुभ कार्य भी नहीं करने चाहिए।

Laveena Sharma
लवीना शर्माauthor

धरती का स्वर्ग कहे जाने वाले जम्मू-कश्मीर की रहने वाली हूं। पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट हूं। 10 साल से मीडिया में काम कर रही हूं। पत्रकारिता में करियर की शुरुआत न्यूज 24 से हुई। इसके बाद तमाम चैनलों में काम किया। जहां स्क्रिप्ट राइटिंग, एडिटिंग और एंकरिंग का अनुभव हासिल हुआ। रफ्तार यहीं नहीं रूकी अब चाह थी कुछ नया करने की जिसके लिए मैंने डिजिटल मीडिया में स्विच किया और मैं जनसत्ता से जुड़ गई। जनसत्ता में मैंने अध्यात्म सेक्शन लीड किया। इसके बाद पत्रिका में सेवाएं दी और अब timesnowhindi.com से जु़ड़ी हूं। यहां भी मैं अध्यात्म सेक्शन में कार्यरत हूं। भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और ज्योतिष शास्त्र में मेरा शुरू से ही लगाव रहा है। मेरी कोशिश रहती है कि मैं ऐसा कंटेट लिखूं जिससे बड़े बुजुर्ग ही नहीं बल्कि आज के युवा भी कनेक्ट कर सकें।

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