Mundan Muhurat 2024 List In Hindi (2024 में मुंडन मुहूर्त क्या है): हिंदू धर्म में मुंडन संस्कार शुभ मुहूर्त में किए जाने का विधान है। धार्मिक मान्यताओं अनुसार पूर्व जन्मों के ऋणों से मुक्ति के लिए बच्चे के जन्मकालीन केश काटे जाते हैं। अधिकतर लोग शिशु का मुंडन 1 साल के अंदर ही करा देते हैं। लेकिन कुछ साल भर बाद ये कार्य करते हैं। लेकिन अगर लड़कों का मुंडन करा रहे हैं तो इस बात का ध्यान रखें कि उनका मुंडन 3, 5 और 7 यानी विषम वर्षों में ही करें। तो वहीं लड़कियों का मुंडन सम वर्षों यानी जन्म के दूसरे और चौथे वर्ष में किया जाता है। अब जानिए मुंडन मुहूर्त 2024 लिस्ट।
मुंडन मुहूर्त 2024 (Mundan Muhurat 2024 List In Hindi)
21 फरवरी, बुधवार- 11:30 AM - 06:54 AM (22 फरवरी)
22 फरवरी, गुरुवार- 06:53 AM - 01:24 PM
29 फरवरी, गुरुवार- 06:46 AM 06:24 AM (30 फरवरी)
08 मार्च, शुक्रवार- 06:38 AM - 10:00 PM
20 मार्च, बुधवार- 06:24 AM - 10:39 PM
27 मार्च, बुधवार- 06:16 AM - 06:16 PM (28 मार्च)
28 मार्च, गुरुवार- 6:15 AM - 06:38 PM
04 अप्रैल, गुरुवार- 06:07 AM - 06:07 AM (7 अप्रैल)
05 अप्रैल, शुक्रवार- 06:06 AM - 01:31 PM
15 अप्रैल, सोमवार- 05:55 AM - 12:14 PM
03 मई, शुक्रवार- 05:38 AM - 12:07 AM (4 मई)
10 मई, शुक्रवार- 10:47 AM - 02:52 PM
20 मई, सोमवार- 04:00 PM - 05:27 AM (21 मई)
24 मई, शुक्रवार- 07:26 PM - 05:25 AM (25 मई)
29 मई, बुधवार- 01:42 PM - 05:24 AM (30 मई)
30 मई, गुरुवार- 05:23 AM - 11:46 AM
10 जून, सोमवार- 04:17 PM - 09:40 PM
17 जून, सोमवार- 05:23 AM - 06:26 AM (18 जून)
21 जून, शुक्रवार- 07:33 AM - 06:19 PM
24 जून, सोमवार- 03:54 PM - 01:25 (25 जून)
26 जून, बुधवार- 05:25 AM - 08:57 PM
15 जुलाई, सोमवार- 07:21 AM - 12:30 AM (16 जुलाई)
मुंडन मुहूर्त शुभ तिथि, दिन और नक्षत्र
- द्वितीया, तृतीया, पंचमी, सप्तमी, दशमी, एकादशी और त्रयोदशी तिथि मुंडन संस्कार के लिए शुभ मानी जाती है।
- सोमवार, बुधवार, गुरुवार और शुक्रवार का दिन मुंडन संस्कार के लिए उत्तम होता है। लेकिन बालिकाओं का मुंडन शुक्रवार में नहीं करना चाहिए।
- अश्विनी, मृगशिरा, पुष्य, हस्त, पुनर्वसु, चित्रा, स्वाति, ज्येष्ठ, श्रवण, धनिष्ठा और शतभिषा नक्षत्र मुंडन संस्कार के लिए शुभ होते हैं।
मुंडन करवाते समय इन बातों का रखें ध्यान
हिन्दू पंचांग के अनुसार चैत्र, वैशाख, ज्येष्ठ महीने में बड़े बच्चे का मुंडन नहीं करना चाहिए। साथ ही इस माह में जन्म लेने वाले बच्चे का मुंडन में इन महीनों में नहीं करना चाहिए। माघ और फाल्गुन मास बच्चों का मुण्डन संस्कार करने के लिए शुभ होता है। इसके अलावा आषाढ़ महीने में भी मुंडन कर सकते हैं लेकिन आषाढ़ी एकादशी से पहले करना है।
