अध्यात्म

आज सूर्योदय कब होगा 3 मार्च 2026 को, क्या आज सूतक काल में सूरज निकलेगा, ग्रहण पर सूर्य की पूजा करें या नहीं, आज मंगलवार को हनुमान मंदिर जाएं या नहीं

Aaj suryoday kab hoga 3 march 2026 (आज ग्रहण पर सूर्य की पूजा करें या नहीं), आज मंदिर जा सकते हैं क्या (Can we go temple today): 3 मार्च 2026 को साल का पहला चंद्र ग्रहण लग रहा है, तो दूसरी ओर यह मंगलवार भी है। भक्त इस दिन सुबह शाम हनुमान जी के मंदिर जाते हैं। लेकिन आज ग्रहण में मंदिर जा सकते हैं या नहीं और सूतक में सूर्य पूजा करें या नहीं - जानें इस बारे में।

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आज 3 मार्च 2026 को सूर्योदय कब होगा, सूर्य पूजा करें या नहीं

Aaj suryoday kab hoga 3 march 2026 (आज ग्रहण पर सूर्य की पूजा करें या नहीं), आज मंदिर जा सकते हैं क्या (Can we go temple today): 3 मार्च 2026 का दिन धार्मिक दृष्टि से बेहद खास माना जा रहा है। एक ओर आज साल का पहला चंद्र ग्रहण लग रहा है, तो दूसरी ओर यह मंगलवार भी है, जो भगवान हनुमान की आराधना के लिए शुभ दिन माना जाता है। ऐसे में लोगों के मन में स्वाभाविक रूप से सवाल उठ रहे हैं कि आज सूर्योदय कब होगा? क्या आज ग्रहण के सूतक काल में सूरज निकलेगा? क्या आज ग्रहण के सूतक में सूर्य पूजा करनी चाहिए? और क्या मंगलवार होने के कारण हनुमान मंदिर जाना उचित रहेगा? आइए, इन सभी सवालों का स्पष्ट और सरल जवाब जानते हैं।

आज 3 मार्च 2026 को सूर्योदय कब होगा

3 मार्च 2026 को देश के अधिकांश हिस्सों में सूर्योदय प्रातः लगभग 6:45 बजे के आसपास होगा। अलग-अलग शहरों में कुछ मिनटों का अंतर संभव है, लेकिन सामान्य रूप से सुबह का समय शांत और सामान्य रहेगा। महत्वपूर्ण बात यह है कि सूर्योदय चंद्र ग्रहण के सूतक काल के दौरान ही होगा। क्योंकि आज लगने वाला चंद्र ग्रहण दोपहर 3:20 बजे से शुरू हो रहा है, इसलिए उसका सूतक काल सुबह लगभग 6:20 बजे से ही प्रभावी हो चुका होगा (चंद्र ग्रहण से लगभग 9 घंटे पहले सूतक लग जाता है)। इस लिहाज से जब सूरज निकलेगा, तब सूतक काल जारी रहेगा।

क्या 3 मार्च 2026 को सूर्योदय सूतक में होना अशुभ है

धार्मिक मान्यता के अनुसार सूतक काल में शुभ और मांगलिक कार्यों से परहेज किया जाता है। हालांकि सूर्योदय एक प्राकृतिक प्रक्रिया है और उसका सूतक से कोई दोष नहीं माना जाता। यानी सूरज का सूतक में निकलना किसी प्रकार का अशुभ संकेत नहीं है। हां इस दौरान नए कार्यों की शुरुआत, पूजा में मूर्ति स्पर्श, या विशेष अनुष्ठान करने से बचने की सलाह दी जाती है। लेकिन मानसिक रूप से ईश्वर का स्मरण, मंत्र जप या ध्यान करना वर्जित नहीं है।

क्या आज 3 मार्च 2026 को सूर्य देव की पूजा करें या नहीं

सूतक काल में मंदिरों के कपाट कई स्थानों पर बंद कर दिए जाते हैं और विधिवत पूजा नहीं की जाती। ऐसे में आज सूर्य देव को अर्घ्य देने को लेकर भी लोगों में संशय है। धर्मशास्त्रों के अनुसार सूतक में विधि-विधान से पूजा नहीं की जाती, लेकिन रोजमर्रा की नित्य क्रिया जैसे सूर्य को जल अर्पित करना आदि पर कोई मनाही भी नहीं है। यदि आप नियमित रूप से सूर्य को अर्घ्य देते हैं, तो आज भी श्रद्धा भाव से बिना विशेष मंत्रोच्चार या विस्तृत पूजा के जल अर्पित कर सकते हैं।

हालांकि गर्भवती महिलाएं, बुजुर्ग और बच्चे विशेष सावधानी रखें और अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचें।

आज 3 मार्च 2026 को मंगलवार को हनुमान मंदिर जाएं या नहीं

आज मंगलवार है, और भगवान हनुमान की पूजा का विशेष दिन। लेकिन चंद्र ग्रहण के सूतक को देखते हुए अधिकांश मंदिरों में सुबह से ही पूजा-पाठ सीमित रहेगा। कई स्थानों पर ग्रहण समाप्ति और शुद्धिकरण के बाद शाम को 7 बजे के आसपास ही मंदिर दोबारा खोले जाएंगे। ऐसे में यदि आप हनुमान मंदिर जाने की सोच रहे हैं, तो स्थानीय मंदिर की व्यवस्था की जानकारी जरूर ले लें। सामान्यतः सूतक के दौरान मंदिर जाने से परहेज किया जाता है। घर पर ही हनुमान चालीसा का पाठ करना अधिक उचित माना जाता है।

आज 3 मार्च 2026 को क्या करें, क्या न करें

3 मार्च 2026 का दिन संयम और सावधानी का है। सूर्योदय सामान्य रूप से होगा, लेकिन सूतक काल प्रभावी रहेगा। भारी-भरकम पूजा, नई शुरुआत या शुभ कार्य टाल देना बेहतर रहेगा। मानसिक रूप से ईश्वर का स्मरण, जप और ध्यान करना शुभ फलदायी माना जाता है। ग्रहण समाप्ति के बाद स्नान, दान और घर की शुद्धि करने की परंपरा है। इसलिए दिन भर संयम रखें और शाम को ग्रहण समाप्ति के बाद विधिपूर्वक पूजा कर सकते हैं।

Medha Chawla
मेधा चावलाauthor

मेधा चावला टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सीनियर एसोसिएट एडिटर हैं और लाइफस्टाइल सेक्शन की लीड हैं। लाइफस्टाइल पत्रकारिता में 20 वर्षों का अनुभव रखने वाली मेधा की विशेषज्ञता हेल्थ, वेलनेस, फिटनेस, मेंटल हेल्थ, डेली लाइफ इम्प्रूवमेंट, ह्यूमन-इंटरेस्ट फीचर्स और रिसर्च-बेस्ड स्टोरीज तक फैली है। उनकी लेखन शैली पाठकों को जटिल स्वास्थ्य और जीवनशैली संबंधी विषयों को आसान, समझने योग्य और व्यवहारिक रूप में प्रस्तुत करती है, जिससे उनका कंटेंट व्यापक पाठक समूह से जुड़ता है। अबतक 30,000 से अधिक कंटेंट पीस लिख चुकी मेधा की कई एक्सक्लूसिव स्टोरीज डिजिटल प्लेटफॉर्म पर ट्रेंड सेट कर चुकी हैं।

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