Aaj Ka Panchang 29 November 2024 (आज का पंचांग 29 नवंबर 2024): मार्गशीर्ष महीने कृष्ण पक्ष की मासिक शिवरात्रि के दिन सुबह 8 बजकर 40 मिनट तक त्रयोदशी तिथि रहेगी। आज के दिन स्वाती नक्षत्र सुबह 10 बजकर 12 मिनट कर रहेगा। उसके बाद विशाखा नक्षत्र की शुरुआत हो जाएगी। आज के दिन अभिजीत मुहूर्त 11:49 से सुबह 12 बजकर 30 मिनट तक रहेगा। इस मुहूर्त में पूजा करना शुभ होगा। आज के दिन राहुकाल का समय प्रातःकाल 10:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक रहेगा। इस समय में कोई भी शुभ काम नहीं किये जाते हैं। आइए जानें आज का पूरा पंचांग।
Aaj Ka Panchang 29 November 2024 (आज का पंचांग 29 नवंबर 2024)
संवत-पिङ्गला विक्रम संवत 2081माह-मार्गशीर्ष ,कृष्ण पक्ष,पर्व -मासिक शिवरात्रि व्रत
तिथि-त्रयोदशी 08;40am तक फिर चतुर्दशी
दिवस -शुक्रवार
सूर्योदय-06:54am
सूर्यास्त-05:26pm
नक्षत्र-स्वाती 10:12am तक तत्पश्चात विशाखा
चन्द्र राशि -तुला,स्वामी-शुक्र
सूर्य राशि-वृश्चिक,स्वामी=मङ्गल
करण- वणिज 08:41am तक फिर विष्टि
योग- सौभाग्य 04:29 pm तक फिर अतिगण्ड
शुभ मुहूर्त
1अभिजीत-11:49 am से 12:30 pm2विजय मुहूर्त-02:22pm से 03:25pm तक
3गोधुली मुहूर्त-06:21pm से 07:24pm तक
4 ब्रम्ह मुहूर्त-4:06m से 05:07am तक
5अमृत काल-06:09am से 07:41am तक
6निशीथ काल मुहूर्त-रात्रि 11:43से 12:22तक रात
संध्या पूजन-06:20 pm से 07:06pm तक
दिशा शूल- पश्चिम दिशा।इस दिशा में यात्रा से बचें। दिशाशूल के दिन उस दिशा की यात्रा करने से बचते हैं,यदि आवश्यक है तो एक दिन पहले प्रस्थान निकालकर फिर उसको लेकर यात्रा करें।
अशुभ मुहूर्त
राहुकाल-प्रातःकाल 10:30 बजे से दोपहर 12 बजे तकक्या करें-जीवन मे तीन कार्य करें। ज्ञानार्जन,धनार्जन व पुण्यार्जन करें। आज परम पवित्र शुभ मार्गशीर्ष माह का पावन शिवरात्रि व्रत है। आज शुक्रवार है। शिव उपासना करें। ॐ नमः शिवाय मंत्र का जप करें। आज भगवान शिव की सगुण व निर्गुण दोनों उपासना अवश्य करें। आज का व्रत बहुत ही पुण्यदायी है। भगवान शिव जी के नाम का जप करें। आज व्रत करने से पाप नष्ट होते हैं,पुण्य की प्राप्ति होती है। आज माता पार्वती जी की व समस्त शिव परिवार की उपासना करें तथा अपने वजन के बराबर अन्न दान करने से मनोवांछित फल की प्राप्ति होती है। यह उपवास फलाहारी होता है। आज नव ग्रह के बीज मंत्र का जप समृद्धि देगा। इस मार्गशीर्ष माह में भगवान कृष्ण के नाम का जप व संकीर्तन करने से पाप नष्ट होते हैं व आपका प्रगति मार्ग प्रशस्त होता है तथा भगवान कृष्ण की भक्ति प्राप्त होती है। आज रुद्राभिषेक की बहुत श्रेष्ठ तिथि है। सायंकाल प्रदोष काल में स्नान करके शिव मन्दिर जाएं शिवलिंग पर जलाभिषेक करें।
क्या न करें-किसी की निंदा मत करें।
