मुंह में छाले होना आम बात है, लेकिन अगर यही परेशानी बार-बार होने लगे तो इसे हल्के में नहीं लेना चाहिए। कई लोग इसे सिर्फ पेट की गर्मी या मसालेदार खाना खाने का असर मानते हैं, जबकि इसकी वजह कुछ और भी हो सकती है। यशोदा हॉस्पिटल्स, हैदराबाद के सीनियर कंसल्टेंट गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट, हेपेटोलॉजिस्ट और थेराप्यूटिक एंडोस्कोपिस्ट डॉ. डी. चंद्र शेखर रेड्डी बताते हैं कि बार-बार छाले आना कई बार शरीर की किसी कमी या अंदर छिपी समस्या का इशारा भी हो सकता है।
डॉ. रेड्डी के अनुसार, बार-बार छाले आने की कोई एक वजह नहीं होती। अगर परिवार में पहले किसी को यह परेशानी रही हो, लगातार तनाव रहता हो, नींद पूरी न होती हो या गलती से गाल या जीभ कट जाती हो, तो भी बार-बार छाले हो सकते हैं। दांतों की ब्रेसेस या तेज किनारों वाले दांत भी इसकी वजह बन सकते हैं।
अगर शरीर में विटामिन B12, आयरन या फोलिक एसिड जैसे जरूरी पोषक तत्व कम हों, तो मुंह में बार-बार छाले निकल सकते हैं। ऐसे मामलों में डॉक्टर जांच के बाद जरूरत के हिसाब से विटामिन की दवा देने की सलाह दे सकते हैं।
अगर छाले बार-बार हों, बहुत दर्द करें या खाना-पीना मुश्किल कर दें, तो सिर्फ घरेलू नुस्खों पर भरोसा नहीं करना चाहिए। डॉ. रेड्डी कहते हैं कि कुछ लोगों में यह पेट से जुड़ी बीमारियों, शरीर की कमजोर रोग प्रतिरोधक क्षमता या कुछ त्वचा संबंधी समस्याओं से भी जुड़ा हो सकता है। इसलिए बार-बार होने वाले छालों का कारण पता करना जरूरी है।
मुंह की अच्छी सफाई रखें, भरपूर पानी पिएं, तनाव कम करें, पूरी नींद लें और संतुलित भोजन करें। अगर कोई खास चीज खाने के बाद हर बार छाले होते हैं, तो उससे बचने की कोशिश करें। मुलायम ब्रिसल वाले टूथब्रश का इस्तेमाल करने से भी मुंह के अंदर चोट लगने का खतरा कम रहता है।
अगर छाला दो हफ्ते से ज्यादा समय तक ठीक न हो, बार-बार लौट आए या उसके साथ बुखार, तेजी से वजन कम होना या पेट की लगातार परेशानी भी हो, तो डॉक्टर से जरूर मिलें। सही समय पर जांच कराने से असली कारण का पता चल जाता है और सही इलाज मिल सकता है।
यह जानकारी डॉ. डी. चंद्र शेखर रेड्डी, सीनियर कंसल्टेंट गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट, हेपेटोलॉजिस्ट एवं थेराप्यूटिक एंडोस्कोपिस्ट, यशोदा हॉस्पिटल्स, हैदराबाद द्वारा दी गई चिकित्सीय जानकारी पर आधारित है। किसी भी तरह की सलाह या टिप्स फॉलो करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह लें।