मां हमारे जीवन का आधार होती हैं, जो हर कदम पर हमारी सेहत और खुशियों का ध्यान रखती हैं। ऐसे में मदर्स डे सिर्फ उन्हें गिफ्ट देने का नहीं, बल्कि उनकी सेहत का ख्याल रखने का भी एक बेहतरीन मौका है। आइए जानते हैं मदर्स डे के लिए कुछ स्पेशल हेल्थ चेकअप...
50 की उम्र के बाद हाई ब्लड प्रेशर की समस्या आम हो जाती है। इसलिए समय-समय पर ब्लड प्रेशर की जांच कराना बेहद जरूरी है। जिससे समय रहते इलाज शुरू किया जा सके।
डायबिटीज एक ऐसी बीमारी है जो धीरे-धीरे शरीर को प्रभावित करती है। 50 के बाद महिलाओं में इसका खतरा बढ़ जाता है। मदर्स डे पर आप फास्टिंग ब्लड शुगर और HbA1c टेस्ट करा सकते हैं।
उम्र बढ़ने के साथ हड्डियां कमजोर होने लगती हैं और ऑस्टियोपोरोसिस का खतरा बढ़ जाता है। इस मदर्स डे आप बोन डेंसिटी टेस्ट से मां की हड्डियों की सेहत का पता लगा सकते हैं।
महिलाओं में थायराइड हार्मोन के असंतुलन के कारण वजन, मूड और एनर्जी लेवल को प्रभावित करता है। 50 के बाद महिलाओं में हाइपोथायरायडिज्म की समस्या आम है। TSH टेस्ट से इसका आसानी से पता लगाया जा सकता है।
50 के बाद महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर और सर्वाइकल कैंसर का खतरा बढ़ जाता है। मैमोग्राफी और पैप स्मीयर टेस्ट जैसी स्क्रीनिंग से समय पर बीमारी का पता लग जाता है। इससे इलाज में आसानी होती है।
उम्र बढ़ने के साथ आंखों की रोशनी कमजोर होना समस्याएं आम हैं। इसलिए इस बार मदर्स डे के मौके पर आपको अपनी मां की आंखों की जांच भी करा लेनी चाहिए।